खुलासा. चार बच्चों की मां का अपहरण निकला झूठा, पुलिस से कहा
भभुआ (नगर) : शहर के वार्ड नंबर 19 से चार बच्चों की मां एक महिला के अपहरण के बाद बेचे जाने का मामला झूठा निकला. इस मामले में महिला अलंकारी देवी का बुधवार को भभुआ न्यायालय में धारा 164 के तहत बयान दर्ज हुआ, जिसमें महिला ने यह स्वीकार किया कि वह अपनी मरजी से अपने मायके गयी थी और उसके बाद अपनी स्वेच्छा से पति को बिना बताये नागपुर अपने नजदीकी रिश्तेदार के यहां घूमने चली गयी थी. इस दौरान उसके भाई ने मोबाइल पर पूरे मामले की जानकारी दी, जिसके बाद वह वहां से वापस लौट आयी.
तीन जेइ पर हुआ था केस : इस मामले में सर्वशिक्षा अभियान के तीन जूनियर इंजीनियरों (जेइ) को नामजद आरोपित बनाते हुए महिला के पति विपिन बिहारी ने नगर थाने में रविवार को प्राथमिकी दर्ज करायी थी. उन्होंने भभुआ कार्यालय में कार्यरत नालंदा जिले के इसलामपुर निवासी जेइ वीरेंद्र कुमार, मोहनिया प्रखंड कार्यालय में कार्यरत जेइ लक्ष्मण राम व रामगढ़ प्रखंड कार्यालय में कार्यरत जेइ वकील जी पर आरोप लगाते हुए नगर थाने में मामला दर्ज कराया था.
उन्होंने बताया था कि उक्त तीनों जेइ उनके पड़ोस में ही किराये के मकान में रहा रहते थे. साथ में रहने की वजह से इनलोगों का मेलजोल उनकी पत्नी के साथ काफी बढ़ गया था. बाद में वार्ड नंबर 19 में अपना खुद का मकान बनवा लेने के बाद भी उनकी पत्नी का पुराने मकान में इनलोगों से मिलना-जुलना जारी रहा.
क्या है पूरा मामला
शहर के वार्ड 18 से चार बच्चों की मां एक महिला को कथित अपहरण के बाद बेचे जाने के मामले में महिला के विपिन बिहारी नामक पति ने पड़ोस में ही रहनेवाले जिले के सर्वशिक्षा अभियान में कार्यरत तीन जूनियर इंजीनियरों (जेइ) को नामजद आरोपित बनाते हुए रविवार को नगर थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी थी. विपिन बिहारी ने नगर थाने में दिये गये अपने आवेदन में बताया था कि सर्वशिक्षा अभियान, भभुआ में कार्यरत उक्त तीनों जेइ ने उसकी पत्नी का बहला-फुसला कर अपहरण कर लिया और फिर उसे कहीं बेच दिया है.
उसने बताया था कि विगत 21 मई को वह किसी काम से बाहर गया और दोपहर में घर लौटा, तो पत्नी घर पर नहीं मिली. आसपास के लोगों से पूछताछ की, पर सुराग नहीं मिला. लोक-लाज के चलते किसी को जानकारी दिये बिना अपने स्तर पर ढूंढ़ने की कोशिश की, पर सफलता नहीं मिली. उसने शक जाहिर की थी कि तीनों जूनियर इंजीनियरों का उसकी पत्नी के साथ नाजायज संबंध भी था.
नाजायज संबंध का भी लगाया था आरोप
महिला के पति ने उक्त तीनों जेइ पर अपनी पत्नी के साथ नाजायज रिश्ते का भी आरोप लगाया था. पति ने अपने दिये आवेदन में कहा था कि उनकी गैरहाजिरी में पत्नी के मोबाइल पर उक्त तीनों जेइ का फोन हर वक्त आता था. चोरी-छुपे पत्नी इनलोगों से मिलने के लिए पुराने मकान में जाती थी.
सामाजिक प्रतिष्ठा धूमिल करने की हुई कोशिश
इस संबंध में जब उक्त तीनों जेइ से बात करने की कोशिश की गयी, तो रामगढ़ कार्यालय में कार्यरत जेइ वकील अहमद से बात नहीं हो सकी. वहीं इस मामले में मोहनिया कार्यालय में कार्यरत जूनियर इंजीनियर लक्ष्मण राम ने बताया कि वह न उक्त महिला को जानते हैं और न ही उसके पति को. वहीं भभुआ जेइ वीरेंद्र कुमार ने बताया कि इस मामले की वजह से बेवजह सामाजिक प्रतिष्ठा धूमिल हुई.
क्या कहती हैं एसपी
महिला के बयान से प्रथम दृष्टया यह मामला झूठा पाया गया है. महिला ने बयान दिया है कि वह अपनी स्वेच्छा से अपने मायके गयी थी. आगे मामले की जांच की जा रही है.
हरप्रीत कौर, एसपी
