Jehanabad News: (संजय अनुराग की रिपोर्ट) जिला पदाधिकारी अलंकृता पांडेय की अध्यक्षता में जिला स्तरीय ओवरसाइट कमिटी (DLOC) की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई. बैठक में जिले के सभी थानों में लगाए गए CCTV कैमरों की स्थिति, उनकी क्रियाशीलता, रख-रखाव और निगरानी व्यवस्था की विस्तार से समीक्षा की गई.
बैठक में बताया गया कि बिहार सरकार के गृह विभाग के निर्देशों के तहत सभी थानों में CCTV कैमरों का अधिष्ठापन अनिवार्य किया गया है. DLOC का मुख्य उद्देश्य पुलिस प्रशासन में पारदर्शिता, जवाबदेही सुनिश्चित करना और आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी रखना है.
जिला पदाधिकारी ने कहा कि CCTV व्यवस्था से थाना परिसरों में पारदर्शिता बढ़ेगी और विधि-व्यवस्था बनाए रखने में सहायता मिलेगी. साथ ही किसी भी घटना की रिकॉर्डिंग सुरक्षित रहकर मानवाधिकार एवं अन्य मामलों में उपयोगी साबित होगी.
डीएम ने सभी थानाध्यक्षों को दिए निर्देश
समीक्षा के दौरान जिले के 20 थानों में लगे कैमरों की स्थिति, कार्यरत एवं खराब कैमरों की संख्या, स्टोरेज क्षमता और तकनीकी पहलुओं की बिंदुवार समीक्षा की गई. इस दौरान कुछ थानों में कैमरे एवं उपकरण खराब पाए गए, जिस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई. उन्होंने सभी थानाध्यक्षों को निर्देश दिया कि CCTV कैमरों और संबंधित उपकरणों का नियमित रख-रखाव, परीक्षण और मॉनिटरिंग सुनिश्चित करें. साथ ही खराब कैमरों को TASL (Tata Advance Service Limited) के टोल-फ्री नंबर के माध्यम से अविलंब ठीक कराया जाए.
डीएम ने यह भी निर्देश दिया कि थानाध्यक्ष स्वयं स्तर पर CCTV क्रियाशीलता की नियमित समीक्षा करें, ताकि सभी रिकॉर्डिंग सुरक्षित रहें और जरूरत पड़ने पर तुरंत उपलब्ध कराई जा सके.
बैठक में पुलिस अधीक्षक अपराजित लोहान, नगर परिषद काको, घोषी, मखदुमपुर के अध्यक्ष, सामान्य शाखा के प्रभारी पदाधिकारी सहित सभी थानाध्यक्ष एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे.
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