लालगंज नगर : अगलगी में अपना सबकुछ गंवा चुके अग्निपीड़ित खुले आसमान के नीचे रहने को विवश हैं. उनके खुद के आशियाने का सपना सिस्टम के पेच में फंस कर टूटने लगा है. आशियाने की आस में दर्जनों अग्निपीड़ित पिछले एक माह से प्रखंड कार्यालय का चक्कर लगाते-लगाते थक चुके हैं. मालूम हो कि बीते 23 फरवरी को लालगंज प्रखंड की पुरैनियां पंचायत के वार्ड नंबर तीन में बिजली के शॉर्ट सर्किट से भीषण आग लग गयी थी.
लालगंज नगर में सिस्टम के पेच में फंसा अग्निपीड़ितों का आशियाना

लालगंज नगर में सिस्टम के पेच में फंसा अग्निपीड़ितों का आशियाना
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लालगंज नगर : अगलगी में अपना सबकुछ गंवा चुके अग्निपीड़ित खुले आसमान के नीचे रहने को विवश हैं. उनके खुद के आशियाने का सपना सिस्टम के पेच में फंस कर टूटने लगा है. आशियाने की आस में दर्जनों अग्निपीड़ित पिछले एक माह से प्रखंड कार्यालय का चक्कर लगाते-लगाते थक चुके हैं. मालूम हो कि बीते […]
जब तक लोग आग पर काबू पाते तब तक 15 लोगों के घर व लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो चुका था. दर्जनों बकरियों की भी झुलस कर मौत हो गयी थी. देखते-ही-देखते सभी खुले आसमान के नीचे आ गये. अगलगी की घटना के बाद स्थानीय प्रशासन की ओर से पीड़ितों को तत्काल सहायता भी उपलब्ध करायी गयी थी, लेकिन वह इनके लिए नाकाफी साबित हो रही है.
भीषण अगलगी की घटना में अपना आशियाना खो चुके अग्निपीड़ित आवास निर्माण में मदद की उम्मीद लेकर प्रखंड व अंचल कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन कहीं से भी उन्हें मदद नहीं मिल रही है.
अगलगी में अपना सबकुछ गंवा चुके अग्निपीड़ित खुले आसमान के नीचे रहने को हैं विवश
आवास के लिए प्रखंड कार्यालय का चक्कर काटने को विवश हैं पीड़ित
एक माह पूर्व अगलगी में जल गया था दर्जनों लोगों का आशियाना
लालगंज प्रखंड की पुरैनिया पंचायत के वार्ड नंबर तीन का मामला
क्या कहते हैं पदाधिकारी
अग्निपीड़ित 15 परिवारों को तत्काल आपदा विभाग की ओर से छह-छह हजार रुपये व 38 सौ रुपये के चेक के अलावा पॉलीथिन आदि की सहायता उपलब्ध करायी गयी थी.
संतोष कुमार सिंह, सीओ लालगंज
आवास योजना के लाभ के लिए ग्रामसभा में लाभुकों का चयन होता है. अगर अग्निपीड़ित परिवारों का नाम सूची में दर्ज होगा तो निश्चित रूप से उन्हें इसका लाभ दिलाया जायेगा.
राधारमण मुरारी, बीडीओ