स्वास्थ्य शिविर छोड़ कांवरियों की अन्य सुविधा नदारद

देवघर के श्रावण मेले का असर प्रखंड क्षेत्र से गुजरने वाली सड़क पर भी दिखता है. बाबा को जल अर्पण करने के बाद बड़ी संख्या में कांवरिया अपने वाहन से इस ओर होकर भी गुजरते है

सोनो. देवघर के श्रावण मेले का असर प्रखंड क्षेत्र से गुजरने वाली सड़क पर भी दिखता है. बाबा को जल अर्पण करने के बाद बड़ी संख्या में कांवरिया अपने वाहन से इस ओर होकर भी गुजरते है, लेकिन इन कांवरियों की सुविधा के लिए स्थानीय प्रशासन द्वारा सुविधा के नाम पर महज बटिया व सोनो में स्वास्थ्य शिविर की व्यवस्था कर दी गयी है. इसके अलावे कांवरियाें के लिए न तो कहीं विश्राम शिविर बनाया गया है, न कहीं शौचालय की व्यवस्था की गयी है और न उनके लिए शुद्ध पेयजल की व्यवस्था की गयी है. कांवरियों के वाहन जिस मुख्य सड़क होकर गुजरती है वहां पर न कहीं बैठने की जगह है, न आराम करने के लिए कोई विश्राम स्थल. दिन में तेज धूप और रात में बारिश के बीच कांवरियों को खुले में ही रुकना पड़ रहा है. सबसे ज्यादा परेशानी विश्राम के लिए रुके महिला कांवरिया को होती है. इस क्षेत्र की सड़कों के किनारे उनके लिए न तो शुद्ध पेयजल और न ही शौचालय की व्यवस्था है. नल, वाटर टैंक या चापाकल जैसी कोई सुविधा नहीं है अलबत्ता अस्थाई स्वास्थ्य शिविर अवश्य बनाये गये है. यह अवश्य कुछ राहत की बात है.

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By PANKAJ KUMAR SINGH

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