तिरबिरवा विद्युत उपकेंद्र (पीएसएस) के तहत लगातार खराब बिजली आपूर्ति से नाराज उपभोक्ताओं और जन विचार तिरबिरवा पंचायत के सदस्यों ने सोमवार को बिजली कंपनी के कार्यपालक अभियंता को ज्ञापन सौंपा. ग्रामीणों ने बिजली व्यवस्था में तत्काल सुधार की मांग की. साथ ही चेतावनी दी कि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो चरणबद्ध आंदोलन शुरू किया जायेगा.
24 घंटे में 8 से 10 घंटे ही बिजली मिलने का आरोप
पंचायत सदस्यों ने ज्ञापन में कहा कि भीषण गर्मी के बावजूद क्षेत्र में 24 घंटे में केवल 8 से 10 घंटे ही बिजली मिल रही है. मामूली बारिश या तकनीकी खराबी के नाम पर घंटों अघोषित बिजली कटौती की जाती है. इससे पेयजल आपूर्ति, छात्रों की पढ़ाई, छोटे कारोबार और किसानों की सिंचाई प्रभावित हो रही है.
फीडर कर्मियों पर फोन नहीं उठाने का आरोप
उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया कि कनीय अभियंता और फीडर कर्मियों से संपर्क करने पर कई बार फोन नहीं उठाया जाता. वहीं, शटडाउन की पूर्व सूचना भी उपभोक्ताओं को नहीं दी जाती. ग्रामीणों ने बिजली आपूर्ति से जुड़ी जानकारी समय पर उपलब्ध कराने की मांग की.
फीडर बदलने समेत रखीं कई मांगें
ग्रामीणों ने तिरबिरवा पंचायत और मसान थाना क्षेत्र को पुराने हजियापुर या कोन्हवा फीडर से जोड़ने की मांग की. इसके अलावा फीडर के प्रमुख स्थानों पर आइसोलेटर स्विच (कटआउट) लगाने, उपभोक्ता प्रतिनिधियों को सूचना समूह से जोड़ने तथा पंचायत परिसर के पास स्थित ट्रांसफार्मर को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग रखी.
एक से तीन सप्ताह में समाधान का आश्वासन
कार्यपालक अभियंता ने उपभोक्ताओं की मांगों और तकनीकी सुझावों को गंभीरता से सुना. उन्होंने आश्वासन दिया कि अगले एक से तीन सप्ताह के भीतर फीडर व्यवस्था, कटआउट की स्थापना और बिजली आपूर्ति से जुड़ी प्रमुख समस्याओं के समाधान की दिशा में कार्रवाई की जायेगी.
ग्रामीणों ने कहा कि निर्धारित समय में व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ, तो चरणबद्ध आंदोलन किया जायेगा.
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