Bihar News: गोपालगंज में होटल, रेस्टोरेंट और ढाबा में पुलिस का छापा, कई लोग युवक-युवतियां आपत्तिजनक हालत में मिले

Bihar News: गोपालगंज जिले में पुलिस ने कई स्टोरेंट, ढाबा और होटलों पर छापेमारी की. इस दौरान कई युवक और युवतियां आपत्तिजनक हालत में मिले.

Bihar News: गोपालगंज के शहर के रेस्टोरेंट, ढाबा और होटलों पर पुलिस की एक टीम ने छापेमारी की. छापेमारी के दौरान कई युवक और युवतियां आपत्तिजनक हालत में पायी गयीं. जिसके बाद पुलिस ने पूछताछ की और रेस्टोरेंट के एक संचालक को हिरासत में लिया. महिला थाने की पुलिस इस मामले में रेस्टोरेंट संचालक से पूछताछ कर रही है. पुलिस की इस कार्रवाई में रेस्टोरेंट के अंदर केबिन मिला, जिसे लड़के और लड़कियों को दिया गया था. पुलिस ने रेस्टोरेंट के लाइसेंस को रद्द करने के लिए संबंधित विभाग और नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी को अनुशंसा भेजी है.

पूछताछ करती पुलिस

गोपालगंज में हर रेस्टोरेंट, ढाबा और होटलों की होगी जांच

पुलिस अधीक्षक (SP) अवधेश दीक्षित ने कहा कि जिलेभर के रेस्टोरेंट, ढाबा और होटलों की जांच होगी. नेशनल हाइवे पर चल रहे रेस्टोरेंट से लेकर ढाबा  और शहर के रेस्टोरेंट की जांच होगी. दरअसल, शहर के अधिकतर रेस्टोरेंट मानकों के अनुरूप नहीं चल रहे हैं. केबिन बनाकर युवक और युवतियों को दिया जा रहा है, जो कानूनन अपराध है. ऐसे रेस्टोरेंट को पुलिस ने चिन्हित कर लिया है और महिला थाने की पुलिस के साथ नारायणी दल को जांच और छापेमारी करने का निर्देश दिया गया है.

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थावे में सील किये गये थे कई होटल

हाल ही में थावे थाने की पुलिस और अंचल पदाधिकारी ने संयुक्त रूप से छापेमारी कर गौरी शंकर होटल समेत कई होटल और लॉज को सील किया था. पुलिस की छापेमारी में तीन दर्जन से अधिक लड़के-लड़कियां मिलीं थीं. कार्रवाई के बाद होटल को सील किया गया. कुछ दिन तक होटल संचालकों ने गैरकानूनी धंधा नहीं किया. इलाके के लोगों का कहना है कि फिर से होटल संचालकों ने सेटिंग कर बिना पहचान पत्र के ही केबिन और रूम लड़के और लड़कियों को देना शुरू कर दिया है.

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Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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