Gopalganj News: गोपालगंज जिले के फुलवरिया प्रखंड के प्रमुख व्यावसायिक केंद्र बथुआ बाजार में मुख्य सड़क की बदहाली और उस पर बने जानलेवा गड्ढों में हुए जलजमाव को लेकर शुक्रवार को स्थानीय ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा. जर्जर सड़क और प्रशासन की बेरुखी से नाराज ग्रामीणों ने मुख्य मार्ग पर उतरकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया. इस दौरान सड़क पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और कुछ देर के लिए यातायात पूरी तरह ठप रहा.
प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे स्थानीय निवासी अरमान आलम उर्फ विधायक, आफताब आलम और मुख्तार आलम ने कहा कि यह मुख्य सड़क लंबे समय से बदहाल है. आए दिन राहगीर और बाइक सवार इन छिपे हुए गड्ढों के कारण दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं, लेकिन किसी भी जनप्रतिनिधि या संबंधित प्रशासनिक अधिकारी का ध्यान इस गंभीर समस्या की तरफ नहीं गया है. ग्रामीणों ने व्यवस्था के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की.
व्यावसायिक केंद्र बना टापू
ग्रामीणों ने आक्रोश जताते हुए कहा एक तरफ सरकार चमचमाती सड़कों के दावे करती है, वहीं दूसरी तरफ प्रखंड के सबसे बड़े व्यावसायिक केंद्र की मुख्य सड़क टापू में तब्दील हो चुकी है. हल्की बारिश में भी यहां घुटने भर पानी लग जाता है. ड्रेनेज सिस्टम पूरी तरह ध्वस्त होने के कारण स्थिति बद से बदतर हो गई है, जिससे स्थानीय दुकानदारों और दूर-दराज से आने वाले खरीदारों को भारी परेशानी हो रही है.
बढ़ रहा बीमारियों का प्रकोप
प्रदर्शन में शामिल साबिया ख़ातून, रमजान मियाँ, शहाबुद्दीन अंसारी और संतोष कुमार ने बताया कि इस मार्ग से प्रतिदिन हजारों लोगों और व्यापारियों का आवागमन होता है. जलजमाव के कारण स्थानीय दुकानदारों का व्यापार चौपट हो रहा है. वहीं सड़कों पर हफ्तों से ठहरे हुए गंदे पानी से संक्रामक बीमारियों, दुर्गंध और मच्छरों का प्रकोप तेजी से बढ़ने लगा है, जिससे महामारी की स्थिति बन रही है.
उग्र आंदोलन की चेतावनी
सड़क जाम और प्रदर्शन की सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे. अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर और जल्द ही सड़क की मरम्मत शुरू कराने का आश्वासन देकर जाम को समाप्त कराया. ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर सड़क को दुरुस्त और जल निकासी की व्यवस्था नहीं की गई, तो वे अनिश्चितकालीन चक्का जाम के लिए बाध्य होंगे.
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