गोपालगंज : मांझा थाना क्षेत्र के मधुसरेया गांव में वर्षों से चल रहे शराब माफियाओं के अड्डे पर उत्पाद विभाग की टीम ने छापेमारी की. उत्पाद विभाग के अधिकारियों को देख शराब माफिया फायरिंग कर अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे. फायरिंग से बचते हुए उत्पाद विभाग के अधिकारियों ने घेराबंदी की. मांझा थाने की पुलिस का भी सहयोग लिया. मौके से पंजाब के ट्रक से 400 कार्टन क्रेजी रोमियो विदेशी शराब जब्त की गयी. मौके से स्कॉर्पियो, ऑल्टो कार, टेंपो भी जब्त की गयी. जबकि, बाइक से शराब की खेप लेने पहुंचे छोटे धंधेबाज फरार हो गये.
मधुसरेया से ट्रक, स्कॉर्पियो व कार के साथ 25 लाख की शराब जब्त
गोपालगंज : मांझा थाना क्षेत्र के मधुसरेया गांव में वर्षों से चल रहे शराब माफियाओं के अड्डे पर उत्पाद विभाग की टीम ने छापेमारी की. उत्पाद विभाग के अधिकारियों को देख शराब माफिया फायरिंग कर अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे. फायरिंग से बचते हुए उत्पाद विभाग के अधिकारियों ने घेराबंदी की. मांझा […]

जब्त की गयी शराब की कीमत लगभग 25 लाख रुपये बतायी जा रही है. उत्पाद विभाग के अधिकारी पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटे हैं. शराब माफियाओं की तलाश शुरू हो गयी है. उत्पाद अधीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि माफियाओं द्वारा यहां ट्रक से शराब के कार्टन को उतार कर लक्जरी कार, स्कॉर्पियो में लोड कर खेप भेजी जा रही थी. मुखबिरों से मिली सूचना के बाद बुधवार की देर रात छापेमारी की गयी. विभाग इसे बड़ा सफलता मान रही है.
उत्पाद विभाग ने की सात माफियाओं की पहचान : उत्पाद अधीक्षक ने बताया कि मधुसरेया में फायरिंग कर भागने वाले शराब माफियाओं में भूटेली यादव के पुत्र राजेश यादव, उपेंद्र तिवारी के पुत्र विनोद तिवारी, वीरेंद्र यादव के पुत्र जयप्रकाश यादव, शंकर यादव के पुत्र भूअर यादव, चिरकुट यादव के पुत्र सुभाष यादव, सत्यनारायण यादव के पुत्र राजेंद्र यादव तथा सकलदेव चौधरी के पुत्र बीरबल यादव का नाम शामिल है. इनकी तलाश शुरू कर दी गयी है. इसके अलावा भी कई माफियाओं के शामिल होने की बात कही जा रही है.
अब माफियाओं के नेटवर्क को खंगालेगी पुलिस : उत्पाद अधीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि शराब माफियाओं के इस नेटवर्क को खंगालने के लिए पुलिस को सौंपा जा रहा. जब्त किये गये स्कॉर्पियो, कार, टेंपो आदि के नंबरों के अनुरूप उसके मालिकों को भी आरोपित बनाया जा रहा है.
शराब माफियाओं के ठिकाने पर छापेमारी के बाद नेटवर्क में शामिल लोगों की नींद उड़ गयी है. वहीं जानकार बताते हैं कि जिले में शराब का कारोबार रुकने का नाम नहीं ले रहा. सेटिंग पर शराब माफिया अपने नेटवर्क को संचालित कर रहे हैं.
ट्रक से शराब के कार्टन को उतार कर कार व स्कॉर्पियो में किया जा रहा था लोड
कार से लेकर ऑटो तक हुआ जब्त, बाइक लेकर भाग निकले धंधेबाज