गया जी के गुरुआ प्रखंड के सरस्वती शिशु मंदिर गुरुआ एवं सरस्वती विद्या मंदिर डोमेया के परिसर में विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान के आह्वान पर आगामी 25 सितंबर को सुबह 11 बजे 'वंदे मातरम' गीत की 150वीं वर्षगांठ के ऐतिहासिक अवसर पर भव्य सामूहिक वंदे मातरम गायन कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा.
विद्यालय के अध्यक्ष डॉ. रविकांत, सचिव संजय कुमार एवं भारती शिक्षा समिति बिहार के प्रांतीय प्रचार संयोजक सह विद्यालय के प्रधानाचार्य गिरीश कुमार द्विवेदी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान यह जानकारी साझा की. उन्होंने कहा कि सामूहिक रूप से वंदे मातरम का यह गायन केवल एक सामान्य कार्यक्रम भर नहीं है, बल्कि यह अपने अंदर देश के प्रति गहरी देशभक्ति की भावना को अभिव्यक्त करने और देश के महान स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान को सच्चे मन से स्मरण करने का एक सुनहरा अवसर है.
वक्ताओं ने जोर देते हुए कहा कि 'वंदे मातरम' हमारे राष्ट्र के सम्मान, अस्मिता और राष्ट्रीय चेतना का सबसे बड़ा प्रतीक है. इस ऐतिहासिक अवसर पर अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर इसके सहभागी बनें. यह सामूहिक वंदे मातरम गायन देश भर में एक साथ आयोजित किया जाएगा.
आठ स्थानों पर होगा सामूहिक गायन, जुटेंगे 800 से अधिक लोग
प्रशासनिक और विद्यालय प्रबंधन की तैयारियों की जानकारी देते हुए बताया गया कि गुरुआ प्रखंड मुख्यालय समेत आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में कुल आठ प्रमुख स्थानों पर सामूहिक वंदे मातरम गायन का आयोजन किया जाएगा. इन सभी स्थानों पर लगभग 800 से अधिक लोगों के शामिल होने की पूरी संभावना है.
इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में गुरुआ के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) और स्थानीय थानाध्यक्ष विशेष रूप से मौजूद रहेंगे. विद्यालय प्रबंधन ने क्षेत्र के सभी सम्मानित अभिभावकों, शिक्षाविदों, प्रबुद्ध नागरिकों और आम जनता से अपील की है कि वे इस राष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें.
