Buxar News : नाबालिग छात्राओं से दुर्व्यवहार के आरोपित शिक्षकों की घटनाओं को लेकर बक्सर के अधिवक्ता समाज में आक्रोश है. मामले को लेकर बक्सर व्यवहार न्यायालय के युवा अधिवक्ताओं ने सामाजिक स्तर पर महत्वपूर्ण निर्णय लिया है. अधिवक्ताओं ने ऐसे मामलों में आरोपित शिक्षकों का मुकदमा नहीं लड़ने का निर्णय लिया है. साथ ही, ऐसे मामलों की शीघ्र सुनवाई और दोषियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की गयी है.
आरोपित शिक्षकों का मुकदमा नहीं लड़ने का निर्णय
अधिवक्ता धीरज कुमार ठाकुर ने बताया कि घटना से पूरा अधिवक्ता समाज आहत है. उन्होंने कहा कि नाबालिग छात्राओं से इस तरह का कृत्य करने वाले शिक्षकों के मुकदमे बक्सर के युवा अधिवक्ता नहीं लड़ेंगे. उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में समाज को भी सख्त रुख अपनाने की जरूरत है.
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स्पीडी ट्रायल के तहत जल्द सुनवाई की मांग
अधिवक्ताओं ने उच्च न्यायालय से आग्रह करने की बात कही है कि नाबालिग छात्राओं से जुड़े ऐसे मामलों की स्पीडी ट्रायल के तहत जल्द सुनवाई हो. अधिवक्ताओं का कहना है कि दोष सिद्ध होने पर आरोपितों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह का अपराध करने वालों में कानून का भय कायम रहे.
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दोषियों को कड़ी सजा मिलने की कही बात
अधिवक्ता धीरज कुमार ठाकुर ने कहा कि दोष सिद्ध होने पर फांसी जैसी कठोर सजा दी जानी चाहिए. उनका कहना है कि कठोर दंड से ऐसे अपराधों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी और भविष्य में कोई भी व्यक्ति इस तरह की हरकत करने की हिमाकत नहीं करेगा.
जिला अधिवक्ता संघ के पदाधिकारियों के समक्ष रखा गया निर्णय
अधिवक्ता अमित कुमार ने बताया कि युवा अधिवक्ताओं के इस निर्णय की जानकारी जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष एवं सचिव के समक्ष भी रखी गयी है. उन्होंने कहा कि ऐसे कृत्य करने वाले शिक्षकों के मुकदमे अधिवक्ताओं द्वारा नहीं लेने और सामाजिक रूप से उनका बहिष्कार करने को लेकर भी चर्चा की गयी है.
नाबालिग छात्राओं की सुरक्षा और सम्मान पर जोर
अधिवक्ताओं ने कहा कि नाबालिग छात्राओं की सुरक्षा और सम्मान से जुड़े मामलों में समाज को एकजुट होकर सख्त रुख अपनाना चाहिए. उन्होंने ऐसे मामलों में कानून के प्रभावी तरीके से लागू होने और पीड़ितों को न्याय मिलने की आवश्यकता पर जोर दिया.
कई युवा अधिवक्ता रहे शामिल
इस निर्णय को लेकर हुई चर्चा में विजय प्रताप ओझा, अमित कुमार, अनिश यादव, कमलेश महाजन और विशाल कुमार ठाकुर समेत अन्य युवा अधिवक्ता शामिल रहे.
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