बक्सर : अग्निशमन विभाग से बिना एनओसी लिये ही शहर में गलत तरीके से होटलों, बड़े गोदामों, दुकान, शोरूम, शॉपिंग मॉल और रेस्तरां चलाये जा रहे हैं, जिस कारण हादसे की आशंका बनी रहती है. कई होटलों में फायर एक्सटीग्यूशर हौज रील डाउन कमर सिस्टम समेत आगजनी की घटनाओं से बचाव के लिए आवश्यक संसाधन नहीं है. ऐसे होटलों, गोदामों, दुकानों, शोरूम, शॉपिंग मॉल और रेस्तरां को चिह्नित करने का कार्य किया जा रहा है.
बिना एनओसी के चल रहे गोदाम, दुकान, शोरूम को भेजा गया नोटिस
बक्सर : अग्निशमन विभाग से बिना एनओसी लिये ही शहर में गलत तरीके से होटलों, बड़े गोदामों, दुकान, शोरूम, शॉपिंग मॉल और रेस्तरां चलाये जा रहे हैं, जिस कारण हादसे की आशंका बनी रहती है. कई होटलों में फायर एक्सटीग्यूशर हौज रील डाउन कमर सिस्टम समेत आगजनी की घटनाओं से बचाव के लिए आवश्यक संसाधन […]

आगजनी की घटनाओं से सुरक्षा के उपाय मानक के अनुरूप नहीं करने वाले विभागों को चिह्नित कर नोटिस भेजा गया है. यदि एक माह के अंदर नियमों का पालन नहीं किया गया तो वैसे लोगों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जायेगी.इस आशय का निर्देश जारी कर दिया गया है.
अग्निशमन विभाग के पदाधिकारी बीके चौधरी ने बताया कि शहर के बड़े गोदाम, दुकान, शोरूम, शॉपिंग मॉल, होटल, रेस्तरां में आगजनी से बचाव के मानक को हरहाल में पूरा करना होगा.उनकी मानें तो शहर के अधिकांश होटल, शोरूम व दुकान आगजनी से बचाव के लिए आवश्यक संसाधन नहीं रखे हैं.
जिसे गंभीरता से लेते हुए ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जायेगी. उन्होंने कहा कि विभिन्न प्रतिष्ठानों में आग से बचने के लिए पर्याप्त उपाय नहीं किये गये हैं. इस कारण आये दिन कहीं न कहीं अगलगी की घटनाएं घटित हो रही है.गर्मी के दिनों में तेज हवाएं व गर्म लू के कारण अधिक लोड के कारण बिजली के तार शार्ट सर्किट कर रहे हैं जिस कारण भी अगलगी की घटनाओं में वृद्धि हो गयी है.
उन्होंने कहा कि शहर के किसी भी पेट्रोल पंप में एनओसी फायर अफसर से प्राप्त नहीं किया है जो गंभीर मामला है. जिसे देखते हुए पेट्रोल पंप के संचालकों को भी नोटिस जारी कर दिया गया है.नोटिस का जवाब नहीं देने पर उनके ऊपर सर्टिफिकेट केस किया जायेगा.
आग की रोकथाम के प्रति रहें सजग
आग बुझाने से बेहतर है इसके रोकथाम के लिए सजगता बरती जाये. यह अपील फायर अफसर बीके चौधरी ने सोमवार को अग्नि सेवा सप्ताह के दूसरे दिन स्कूलों में आग से बचाव के लिए क्या करें और क्या नहीं करें विषय पर चर्चा करते हुए कही.उन्होंने कहा कि बहुमंजिले भवनों में अग्निशमन यंत्र और आने जाने के लिए दो रास्ते जरूर होनी चाहिए.
वहीं मॉकड्रील तथा प्रभातफेरी निकालकर लोगों को जागरूक किया गया.इस अवसर पर बच्चों ने कहा कि 1 मार्च से 30 जून तक का समय बेहतर संवेदनशील होता है.इस दौरान सर्वाधिक अगलगी की घटनाएं होती है जिसे सतर्कता से ही दूर किया जा सकता है.
इस मौके पर अधिकारियों ने कहा कि वहीं विद्यालयों में फायर एकार्ग, पब्लिक का एड्रेस सिस्टम समेत कई जानकारियां दी गयी.अग्नि शमालय पदाधिकारी ने कहा कि मंगलवार को शहर के घरों व दुकानों में बिजली से उत्पन्न होने वाली आग से बचाव के उपाय सही मानक के उपकरणों का इस्तेमाल, तारों के उपयोग विषय पर जनजागरूकता अभियान चलाया जायेगा.