राजगीर NH-82 फोरलेन परियोजना ने पकड़ी रफ्तार, 5.40 एकड़ भूमि अधिग्रहण शुरू, 1 अगस्त को होगी सुनवाई

Rajgir NH-82 Four-Lane Project : राजगीर में NH-82 राष्ट्रीय राजमार्ग को हसनपुर से राजगीर खेल अकादमी मोड़ तक फोरलेन बनाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है. 5.40 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा, जिसकी सुनवाई 1 अगस्त को होगी.

Rajgir NH-82 Four-Lane Project : नालंदा जिले के ऐतिहासिक और पर्यटन नगरी राजगीर में सड़क अवसंरचना को मजबूत बनाने की दिशा में राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-82 (NH-82) के हसनपुर ग्राम से राजगीर अंतरराष्ट्रीय खेल अकादमी मोड़ तक वाया राजगीर बाईपास सड़क को दो लेन से चार लेन में विकसित किया जाएगा. इस परियोजना के लिए जिला भू-अर्जन पदाधिकारी ने भू-अर्जन, पुनर्वास एवं पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर एवं पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम-2013 की धारा 21(2) के तहत अधिसूचना जारी कर भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी है.

5.40 एकड़ भूमि का होगा अधिग्रहण

सरकारी अधिसूचना के अनुसार परियोजना के लिए राजगीर अंचल के मौजा नीमा में कुल 5.4003 एकड़ यानी लगभग 2.18547 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा. भूमि का सीमांकन और मापी पूरी हो चुकी है तथा अधिघोषणा संख्या-1457 दिनांक 18 जून 2026 को जिला गजट में प्रकाशित की जा चुकी है. अधिग्रहण में निजी रैयतों की भूमि के साथ गैरमजरूआ आम, गैरमजरूआ मालिक तथा जिला परिषद से संबंधित भूमि भी शामिल है.

1 अगस्त को प्रभावित रैयतों की होगी सुनवाई

भूमि अधिग्रहण से प्रभावित सभी रैयतों, भू-स्वामियों और अन्य हितधारकों को 1 अगस्त 2026 को पूर्वाह्न 11 बजे जिला भू-अर्जन पदाधिकारी कार्यालय, समाहरणालय नालंदा में उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है. इच्छुक व्यक्ति स्वयं या अपने अधिकृत प्रतिनिधि अथवा अधिवक्ता के माध्यम से अपना पक्ष रख सकते हैं. सुनवाई के दौरान मुआवजा, भूमि अधिकार, पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन से संबंधित दावे एवं आपत्तियां लिखित रूप में प्रस्तुत की जा सकेंगी.

किसी भी परिवार का नहीं होगा विस्थापन

परियोजना की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि सड़क चौड़ीकरण के लिए किसी भी परिवार को विस्थापित नहीं किया जाएगा. प्रशासन द्वारा तैयार पुनर्वास एवं पुनर्व्यवस्थापन योजना में स्पष्ट किया गया है कि भूमि अधिग्रहण के बावजूद कोई भी परिवार बेघर नहीं होगा. योजना को संबंधित प्रशासनिक स्वीकृतियां मिल चुकी हैं और सरकारी अधिसूचना में भी विस्थापित परिवारों की संख्या शून्य बताई गई है.

पारदर्शिता के लिए प्रशासन ने किए विशेष इंतजाम

जिला प्रशासन ने भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए अधिसूचना की प्रतियां संबंधित पंचायतों के मुखिया और सरपंच को उपलब्ध करा दी हैं. इन्हें पंचायत भवन, विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर चस्पा किया जाएगा. साथ ही परियोजना से जुड़े अभिलेखों का निरीक्षण जिला भू-अर्जन कार्यालय में किया जा सकेगा और अधिसूचना को जिला प्रशासन की वेबसाइट पर भी उपलब्ध कराया जाएगा.

पर्यटन और खेल गतिविधियों को मिलेगा बढ़ावा

राजगीर बिहार का प्रमुख पर्यटन, धार्मिक और खेल केंद्र है. यहां विश्व शांति स्तूप, वेणुवन, गर्म जलकुंड, रोपवे, नेचर सफारी, जू सफारी और अंतरराष्ट्रीय खेल अकादमी जैसे प्रमुख स्थल स्थित हैं. NH-82 के फोरलेन बनने से राजगीर तक आवागमन अधिक सुगम और सुरक्षित होगा. इससे यात्रा का समय कम होगा, यातायात का दबाव घटेगा और पर्यटन, व्यापार तथा स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.

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Author: Kanchan kumar

Published by: Sakshi Kumari

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