Islampur Groundwater Crisis (अजीत केसरी) : बिहारशरीफ के इस्लामपुर प्रखंड क्षेत्र में प्राकृतिक वर्षा काफी कम होने से भूजल स्तर काफी नीचे (120 फीट) चले जाने से किसान आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं, और एक तरफ क्षेत्र के किसानों को प्राकृतिक विपदा सहने को मजबूर होना पड़ रहा है जबकि दूसरी ओर उमस भरी भीषण गर्मी से लोग काफी मुश्किल में हैं.
बिजली आपूर्ति की समस्या और उपभोक्ताओं की परेशानी
क्षेत्र के किसानों के साथ ही आम लोगों को बिजली विभाग के अधिकारियों की बेरुखी का सामना करना पड़ रहा है, जहां बिजली आपूर्ति की आंख-मिचौली से उपभोक्ता काफी परेशान हैं और विगत 24 घंटे में कब बिजली आती है और कब चली जाती है किसी को पता नहीं रहता है.
बिजली व्यवस्था और जनप्रतिनिधियों की स्थिति पर चर्चा
इस्लामपुर वासियों एवं प्रबुद्ध नागरिकों का मानना है कि स्थानीय जनप्रतिनिधियों के क्षेत्र में निवास न करने के कारण बिजली आपूर्ति की समस्याओं का वास्तविक हाल सामने नहीं आ पाता है, जबकि तुलनात्मक रूप से अन्य क्षेत्रों में जनप्रतिनिधियों की सक्रियता से समस्याओं का त्वरित समाधान हो जाता है.
Also Read : आरा में कल 9 घंटे बिजली कटौती, सुबह 11 से रात 8 बजे तक इन इलाकों में नहीं रहेगी सप्लाई
विभिन्न क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करने वाले माननीय और नेतागण
सच्चाई यह है कि इन माननीयों के अलावा विधान पार्षद शिक्षक क्षेत्र का प्रतिनिधित्व सत्तारूढ़ भाजपा के नवलकिशोर यादव, स्नातक क्षेत्र से जनता दल (यू) के तेज-तर्रार पार्टी प्रवक्ता नीरज कुमार, स्थानीय निकाय प्राधिकार क्षेत्र से जनता दल (यू) की नेत्री रीना यादव एवं अप्रत्यक्ष तौर पर सहकारी संस्थाओं से अस्थावां के तत्कालीन विधायक सह नालंदा जिला कोपरेटिव बैंक के अध्यक्ष जीतेन्द्र कुमार जाने जाते हैं.
बिजली उपभोक्ताओं की समस्याएं और समाधान की उम्मीद
इस्लामपुर के बिजली उपभोक्ता लगातार हो रही कटौती से त्रस्त होकर फरियाद करने की स्थिति में हैं, और स्थानीय स्तर पर निर्बाध विद्युत आपूर्ति तथा सिंचाई के लिए उचित व्यवस्था की मांग कर रहे हैं ताकि किसानों और आम नागरिकों को राहत मिल सके.
