Smart Meter: बिहार में बिजली चोरी पर रोक लगाने और बिजली वितरण व्यवस्था को और पारदर्शी बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया गया है. अब स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाने वाली कंपनियों को अगले 10 वर्षों तक इनर्जी अकाउंटिंग यानी ऊर्जा लेखांकन की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है. इस व्यवस्था के जरिए बिजली की आपूर्ति और उपभोक्ताओं की खपत का मिलान किया जाएगा. इससे बिजली चोरी और बिलिंग में गड़बड़ी पकड़ना आसान होगा.
कैसे काम करेगी एनर्जी अकाउंटिंग?
बिजली विभाग के अनुसार, हर क्षेत्र में लगे वितरण ट्रांसफार्मरों की निगरानी की जाएगी. ट्रांसफार्मरों पर विशेष सिम आधारित डिवाइस लगाए गए हैं, जो रियल टाइम में बिजली आपूर्ति का डेटा सर्वर तक भेजते हैं. इससे यह पता चलेगा कि किस इलाके में कुल कितनी बिजली भेजी गई और उपभोक्ताओं ने कितनी बिजली का उपयोग किया.
बिजली खपत और बिल का होगा मिलान
नई प्रणाली में ट्रांसफार्मर से सप्लाई हुई बिजली और उपभोक्ताओं की बिलिंग का मिलान किया जाएगा. यदि दोनों के आंकड़ों में बड़ा अंतर मिलता है तो इसकी जांच होगी. कंपनियां यह पता लगाएंगी कि बिलिंग कम क्यों हो रही है और कहीं बिजली चोरी तो नहीं हो रही.
संदिग्ध उपभोक्ताओं पर रहेगी नजर
यदि किसी उपभोक्ता के यहां बिजली की खपत ज्यादा होगी लेकिन बिल कम आएगा, तो उसकी जांच की जाएगी. इसी तरह स्वीकृत लोड और वास्तविक उपयोग में अंतर मिलने पर भी कार्रवाई की जा सकती है. इससे अनधिकृत बिजली उपयोग और चोरी के मामलों की पहचान आसान होगी.
कंपनियां देंगी विस्तृत रिपोर्ट
स्मार्ट मीटर लगाने वाली कंपनियां बिजली कंपनियों को नियमित रिपोर्ट देंगी. रिपोर्ट में बताया जाएगा कि किस क्षेत्र में राजस्व नुकसान हो रहा है और उसकी वजह क्या है. जहां बिजली चोरी की आशंका होगी, वहां विशेष अभियान चलाकर कार्रवाई की जाएगी.
90 लाख घरों में लग चुके हैं स्मार्ट मीटर
बिहार में फिलहाल करीब 2.22 करोड़ बिजली उपभोक्ता हैं. इनमें लगभग 90 लाख उपभोक्ताओं के घरों में स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाए जा चुके हैं. सरकार राज्यभर में तेजी से स्मार्ट मीटर लगाने का काम कर रही है. आने वाले समय में इसका दायरा और बढ़ेगा.
उपभोक्ताओं को भी मिलेगा फायदा
ऊर्जा विभाग का कहना है कि स्मार्ट मीटर और एनर्जी अकाउंटिंग के संयुक्त उपयोग से बिजली व्यवस्था अधिक आधुनिक और जवाबदेह बनेगी. इससे बिजली कंपनियों की आय बढ़ेगी, बिजली चोरी कम होगी और उपभोक्ताओं को बेहतर व गुणवत्तापूर्ण बिजली सेवा मिल सकेगी.
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