Bihar News: बिहार के ग्रामीण इलाकों में सरकारी और सार्वजनिक सेवाओं की पहुंच आसान बनाने के लिए पंचायत सरकार भवनों को बहुउद्देशीय सेवा केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है. सरकार की योजना है कि गांव के लोगों को डाकघर, बैंकिंग सुविधा, पुस्तकालय, आरटीपीएस सेंटर, आधार सेवा केंद्र समेत कई आवश्यक सेवाएं एक ही परिसर में उपलब्ध कराई जाएं.
तेजी से हो रहा पंचायत सरकार भवनों का निर्माण
राज्य के विभिन्न पंचायतों में पंचायत सरकार भवनों के निर्माण का कार्य तेजी से चल रहा है. कई पंचायतों में भवन पूरी तरह तैयार होकर संचालित भी हो रहे हैं, जबकि कई स्थानों पर निर्माण कार्य अंतिम चरण में है. कासीमपुर, मुरादपुर और खरका तेलवा पंचायतों में पंचायत सरकार भवनों का संचालन शुरू हो चुका है. वहीं चन्द्रायण, मोहनपुर और सत्तौर पंचायतों में भवन निर्माण का कार्य जारी है.
डाकघर, बैंकिंग और आधार सेवा की मिलेगी सुविधा
सरकार की योजना के तहत पंचायत सरकार भवनों में डाकघर, बैंकिंग सेवाएं, पुस्तकालय, आरटीपीएस सेवा केंद्र, आधार सेवा केंद्र और सुधा होल-डे मिल्क पार्लर जैसी सुविधाएं शुरू की जाएंगी. इससे ग्रामीणों को छोटे-छोटे कार्यों के लिए शहर या प्रखंड मुख्यालय नहीं जाना पड़ेगा.
पंचायत भवनों में डाकघर खोलने की तैयारी
डाक विभाग ने भी पंचायत सरकार भवनों में अपने कार्यालय खोलने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है. मुख्य पोस्टमास्टर जनरल की ओर से पंचायती राज विभाग को पत्र भेजकर ऐसे पंचायत सरकार भवनों की सूची मांगी गई है, जहां डाकघर संचालित किए जा सकें. इसके बाद पंचायती राज विभाग ने सभी जिलों के अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों के क्रियाशील पंचायत सरकार भवनों की सूची तैयार कर जल्द उपलब्ध कराएं.
हर डाकघर के लिए पंचायत को मिलेगा किराया
पंचायत सरकार भवन में संचालित होने वाले डाकघरों के लिए किराया भी निर्धारित कर दिया गया है. तय व्यवस्था के अनुसार डाक विभाग प्रत्येक डाकघर के लिए संबंधित ग्राम पंचायत को हर महीने 500 रुपये किराया देगा. यह राशि सीधे पंचायत के खाते में जमा की जाएगी.
इन पंचायतों में जल्द शुरू हो सकती है डाकघर सेवा
जानकारी के अनुसार कासीमपुर, खरका तेलवा और मुरादपुर पंचायतों में जल्द ही डाकघर की सुविधा शुरू होने की संभावना है. पंचायत सरकार भवन के एक कमरे में डाकघर संचालित होगा, जबकि अन्य कमरों में पुस्तकालय, आधार सेवा केंद्र और अन्य जनसेवा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी.
ग्रामीणों को होगा सीधा फायदा
गांवों में डाकघर और अन्य सेवाएं शुरू होने से लोगों को पार्सल भेजने, डाक संबंधी कार्य कराने, बचत योजनाओं का लाभ लेने और अन्य जरूरी सेवाओं के लिए लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी. इससे ग्रामीणों का समय और पैसा दोनों बचेगा तथा सरकारी सेवाओं तक उनकी पहुंच और आसान हो जाएगी.
गांवों में विकसित होगा नया सेवा मॉडल
पंचायत सरकार भवनों को बहुउद्देशीय केंद्र के रूप में विकसित करने की यह पहल ग्रामीण प्रशासन को मजबूत करने के साथ-साथ लोगों को स्थानीय स्तर पर बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है. आने वाले समय में ये भवन ग्रामीण क्षेत्रों के लिए ‘वन स्टॉप सर्विस सेंटर’ की भूमिका निभाते नजर आएंगे.
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