लापरवाही और दबंगई के कारण लगा 20 घंटे तक 50 किमी लंबा महाजाम

भागलपुर : विक्रमशिला सेतु पर मरम्मत को लेकर वन वे ट्रैफिक तो लागू कर दिया गया, लेकिन पुलिस-प्रशासन की लापरवाही और कुछ वाहन चालकों की दबंगई के कारण भागलपुर शहर 20 घंटे तक जाम से जूझता रहा. सोमवार शाम से शुरू जाम मंगलवार दोपहर तक जारी रहा. इस दौरान शहर में जनजीवन थम सा गया. […]

भागलपुर : विक्रमशिला सेतु पर मरम्मत को लेकर वन वे ट्रैफिक तो लागू कर दिया गया, लेकिन पुलिस-प्रशासन की लापरवाही और कुछ वाहन चालकों की दबंगई के कारण भागलपुर शहर 20 घंटे तक जाम से जूझता रहा. सोमवार शाम से शुरू जाम मंगलवार दोपहर तक जारी रहा. इस दौरान शहर में जनजीवन थम सा गया. बाजार में भीड़ अन्य दिनों की अपेक्षा कम रही.
दोपहर बाद तक जब जाम से निबटने में पुल समेत शहर में तैनात पुलिसकर्मी जब फेल हो गये, तो एसएसपी व सिटी डीएसपी ने खुद कमान संभाली. दोनों पुलिस बल के साथ सड़क पर उतर गये. शहर से लेकर पुल तक दोनों अधिकारी गये और अपने निर्देशन में गाड़ियों को पास कराया.
इस दौरान एसएसपी ने कई महत्वपूर्ण निर्णय लिये. गाड़ियों को शहर से बाहर रोकने के लिए समय सीमा तय की, तो दूसरी ओर जाम पर गंभीर जिलाधिकारी ने भी इससे निबटने के लिए अधिकारियों के साथ कई निर्णय लिये. उन्होंने सड़क व पुल से बोझ कम करने के लिए कहलगांव से ही गंगा के रास्ते जहाज से पत्थर लदे ट्रकों को पानी के जहाज से पार कराने पर विचार करने को कहा. इसके अलावा अन्य सभी वैसी पहल करने को कहा, जिनसे जाम की समस्या दूर हो सके.
सिटी डीएसपी ने कहा जाम कैसे लगा, इसकी समीक्षा करेंगे : पुल पर पेट्रोलिंग कर रहे सिटी डीएसपी शहरयार अख्तर ने बताया कि जाम किस कारण लगा है इसकी समीक्षा की जायेगी. समीक्षा बैठक में लिये गये निर्णयों के आधार पर तत्काल कार्रवाई भी होगी. ज्वाइंट एक्सपेंशन को बदलने के कारण वन वे ट्रैफिक व्यवस्था की गयी है. पुल पर कई जगह चल रहे मरम्मत कार्य को लेकर ट्रक व दूसरे वाहन पुल पर दोनों तरफ दिनभर फंसे रहे. वाहनों को आगे निकालने के लिए पुलिस के जवान जगह जगह तैनात किये गये हैं.
गिट्टी से लदे ट्रक को जहाज से पार करने का ढूंढ़ा जा रहा विकल्प : विक्रमशिला सेतु पर मरम्मत काम के दौरान वाहन के बढ़ते दबाव पर विकल्प की तलाश शुरू हो गयी है. डीएम प्रणव कुमार ने कहा कि कहलगांव से गिट्टी से लदे ट्रक को सेतु से होकर नहीं गुजरने देने को लेकर जहाज के परिचालन पर विचार किया जा रहा है. इस व्यवस्था पर विचार किया जा रहा है कि कहलगांव से जहाज के माध्यम से गंगा पार करा कर गिट्टी लदे ट्रकों को पार करा दिया जाये, ताकि सड़क व पुल से दबाव कम हो. इसको लेकर जलप्राधिकरण और अन्य संबंधित विभागों से बात करने पर भी चर्चा हुई.
जाम से निपटने को एसएसपी ने बनाया मास्टर प्लान, देर रात तक चली बैठक : विक्रमशिला सेतु के मरम्मत कार्य की वजह से जिला में उत्पन्न हुई जाम की समस्या से निजात को एसएसपी आशीष भारती ने देर शाम अधिकारियों और पदाधिकारियों के साथ बैठक की. इस दौरान उन्होंने जाम से निजात के लिए शहरवासियों से सहयोग देने को कहा है. जाम न लगे इसके लिए शहरवासियों के एसएसपी ने प्रतिक्रिया आमंत्रित की है. बैठक के दौरान उन्होंने जाम से निबटने के लिए नवगछिया समेत आसपास के जिले की पुलिस से भी सहयोग लेने की बात कही.
इस पूरे घटनाक्रम का दुखद पहलू यह रहा कि एक तरफ एसएसपी, डीएम और अन्य पदाधिकारी जाम हटाने और उससे निबटने की कोशिश में थे और दूसरी ओर पुल पर एक व्यक्ति अधिकारियों की उपस्थिति के बावजूद भागलपुर जीरोमाइल की ओर बने चेक पोस्ट पर ट्रक चालकों से वसूली कर रहा था. पहुंच पथ पर धीरे-धीरे रेंग रहे ट्रकों को रोक कर चालकों से वह पैसे मांगते देखा गया.
अपनी पहचान छिपाने के लिए खाकी फुलपैंट के ऊपर उसने गुलाबी शर्ट पहन रखी थी. उसके पैसे वसूलने के कारण भी जाम की स्थिति बन रही थी. प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार दोपहर 12 बजे सिटी डीएसपी पुलिसकर्मियों के साथ पुल पर पेट्रोलिंग के लिए पहुंचे. सवा 12 बजे पहुंच पथ के पूर्वी छोर पर खड़े पुलिसकर्मी ने जीरोमाइल से नवगछिया की ओर जा रही ट्रकों के काफिले को रोकने के लिए हाथ दिया.
कतार में सबसे अगला ट्रक चेकपोस्ट पर खड़ा हो गया. इसी बीच वह व्यक्ति दौड़ कर पुल के पश्चिमी छोर पर पहुंचा और वसूली करने लगा. इस दौरान एक सिपाही ने उसको सूचना दी कि एसएसपी साहब का काफिला पुल पर पहुंचने वाला है. इस पर वह एक तरफ हो गया. पुन: दोपहर करीब एक बजे एसएसपी का काफिल विक्रमशिला पुल की ओर जैसे ही निकला ट्रकों से वसूली का काम दोबारा शुरू हो गया.
मौके पर मौजूद प्रभात खबर की टीम ने इस दृश्य को अपने कैमरे में कैद कर लिया. यह सिलसिला करीब आधे घंटे तक चलता रहा. जानकारों के अनुसार पुल पर तैनात पुलिसकर्मियों ने ही एक दलाल रख लिया है, जो ट्रकों से वसूली करता है. याद रहे इससे पहले भी एक व्यक्ति पकड़ा गया था. वहां पर सीसीटीवी भी लगाया गया है, पर उसका भी काट निकाल लिया गया है.

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