बेतिया. गांजा तस्करी के एक मामले की सुनवाई पूरी करते हुए एनडीपीएस एक्ट के अनन्य विशेष न्यायाधीश आनंद विश्वासधर दुबे ने कांड के नामजद अभियुक्त नेपाली नागरिक डंबर श्रेष्ठ को दोषी पाते हुए उसे 10 वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई है. वही उसके ऊपर दो लाख रुपया जुर्माना भी लगाया है. जमाने की राशि का भुगतान नहीं करने पर उसे अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी. सजायाफ्ता नेपाल के परसा जिला के विजय बस्ती का निवासी है. एनडीपीएस एक्ट के विशेष लोक अभियोजक संतोष कुमार शर्मा ने बताया कि इस कांड के सूचक पुलिस अवर निरीक्षक नवीन कुमार हैं. सूचक पुलिस बल के साथ रात्रि में गश्ती पर निकले थे. इसी दौरान पचरुखी और चापरया टोला के बीच बरदहा पुल के पास एक व्यक्ति को पीठ पर बोरा लाद कर ले जाते देखा. वह व्यक्ति पुलिस को देखकर बोरा फेंककर भागने लगा. जिसे पुलिस ने खदेड़ कर पकड़ लिया. उसके बाद बोरे की तलाशी ली गई. जिसमें से 22 किलो 200 ग्राम गांजा बरामद किया गया. पूछताछ करने पर पकड़ाए व्यक्ति की पहचान नेपाल के डंबर श्रेष्ठ के रूप में हुई. इसी मामले में दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायाधीश ने यह फैसला सुनाया है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
