GMCH Bettiah Intern Doctors: सरकारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (जीएमसीएच) में 91 नए इंटर्न डॉक्टरों ने योगदान दे दिया है. इनके शामिल होने से अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं को नई मजबूती मिलेगी और ओपीडी, इमरजेंसी तथा विभिन्न वार्डों में मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी.
नए इंटर्न चिकित्सक विभागवार रोटेशन के आधार पर वरिष्ठ डॉक्टरों की निगरानी में अपनी सेवाएं देंगे.
विभागवार होगी तैनाती
सामुदायिक चिकित्सा विभाग (पीएसएम) के विभागाध्यक्ष डॉ. राजीव कुमार रंजन ने बताया कि पूर्व में कार्यरत इंटर्न डॉक्टरों का कार्यकाल पूरा होने के बाद वे जा चुके हैं.
उनकी जगह 91 नए इंटर्न डॉक्टरों ने योगदान दिया है. सभी की विभागवार तैनाती की प्रक्रिया पूरी की जा रही है, ताकि अस्पताल की सेवाएं बिना किसी बाधा के संचालित होती रहें.
व्यावहारिक प्रशिक्षण का अहम चरण
जीएमसीएच की प्राचार्य प्रो. डॉ. सुधा भारती ने कहा कि इंटर्नशिप चिकित्सा शिक्षा का सबसे महत्वपूर्ण चरण होता है.
उन्होंने कहा कि इस दौरान मेडिकल छात्र वास्तविक परिस्थितियों में मरीजों की सेवा करते हुए व्यावहारिक अनुभव प्राप्त करते हैं. सभी इंटर्न को मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार, अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवा देने के निर्देश दिए गए हैं.
मरीजों को मिलेगा सीधा लाभ
जीएमसीएच अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने कहा कि नए इंटर्न डॉक्टरों के योगदान से अस्पताल की कार्यप्रणाली को और गति मिलेगी.
उन्होंने बताया कि बढ़ती मरीज संख्या को देखते हुए इंटर्न डॉक्टरों की भूमिका काफी महत्वपूर्ण होती है. सभी इंटर्न को अस्पताल की कार्यप्रणाली, संक्रमण नियंत्रण, मरीजों के प्रति व्यवहार और चिकित्सा प्रोटोकॉल का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं.
अस्पताल प्रशासन का कहना है कि नए इंटर्न डॉक्टरों की तैनाती से मरीजों को अधिक व्यवस्थित, त्वरित और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी.
