बेतिया. पुलिस पदाधिकारी की छवि धूमिल करने के प्रयास के आरोप में बेतिया में संचालित एक वाट्सएप ग्रुप के एडमिन समेत दो लोगों के विरूद्ध प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है. आरोप है कि कांड के अनुसंधान को बाधित कर साक्ष्य नष्ट करने का भी प्रयास करने का आरोप लगाया गया है. मुफस्सिल थाने में पदस्थापित पुलिस अवर निरीक्षक अंजना कुमारी ने स्वतः बयान पर यह प्राथमिकी दर्ज करायी हैं. थानाध्यक्ष सम्राट सिंह ने बताया कि वाट्सएप ग्रुप के एडमिन तथा एक अन्य मोबाइल धारक को नामजद किया गया है. दर्ज करायी गयी प्राथमिकी में अंजना कुमारी ने बताया है कि 9 नवंबर को सूचना मिली कि वाट्सएप ग्रुप अपडेट न्यूज पर परवतिया टोला निवासी सुरेश यादव के पुत्र बुलेट यादव का वीडियो चल रहा हैं. जिसमें उसके द्वारा वरीय पुलिस पदाधिकारी के विरूद्ध अमर्यादित भाषा का प्रयोग करते हुए किसी कांड में किसी व्यक्ति को लाभ पहुंचाने की बात कही जा रही है. सूचना पर दारोगा ने जांच पड़ताल की तो मालूम चला कि ग्रुप पर 8 नवंबर को वीडियो एक मोबाइल धारक ने डाला था. वीडियो देखने से यह मालूम चला कि वीडियो को काट छाट कर सुनियोजित योजना के तहत वरीय पुलिस पदाधिकारी को छवि को धूमिल करने के लिए डाला गया है. जांच के दौरान फेसबुक पर सुरेश यादव व उनके पुत्र बुलेट यादव ने वीडियो में वरीय पुलिस पदाधिकारी के उपर लगाए गए आरोप के बारे में बोला गया कि किसी व्यक्ति ने जान बुझकर उनसे वीडियो में यह बुलवाया कि वरीय पुलिस पदाधिकारी ने मेरे कांड में मदद किया है. इसके लिए प्रलोभन व भयादोहन भी वीडियो बनाने वाले व्यक्ति के द्वारा किया गया. जिससे वरीय पुलिस पदाधिकारी की छवि धूमिल हो.
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