FRS Registration: सरकारी स्कूलों में फेस रिकग्निशन सिस्टम (FRS) से हाजिरी सुनिश्चित करने को लेकर शिक्षा विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है. जिले में अभी तक 854 शिक्षक-शिक्षिकाओं का FRS पंजीकरण पूरा नहीं होने पर विभाग ने कार्रवाई की चेतावनी दी है.
समग्र शिक्षा अभियान के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (डीपीओ) दीपक कुमार सिन्हा ने कहा है कि तय समय तक पंजीकरण नहीं कराने वाले शिक्षकों का जुलाई माह का वेतन रोका जा सकता है.
20 जुलाई तक का दिया गया समय
डीपीओ दीपक कुमार सिन्हा ने बताया कि विभागीय आदेश के अनुसार प्रत्येक शिक्षक और छात्र का Face Recognition System पर पंजीकरण अनिवार्य है.
उन्होंने बताया कि संबंधित शिक्षकों को निर्देश दिया गया है कि वे 20 जुलाई 2026 तक अपना पंजीकरण पूरा कर लें. ऐसा नहीं करने पर जुलाई माह के वेतन भुगतान पर रोक लगाने की कार्रवाई की जाएगी.
3.46 लाख से अधिक छात्रों का भी पंजीकरण बाकी
शिक्षा विभाग के आंकड़ों के अनुसार जिले में 3,46,446 छात्र-छात्राओं का भी अभी तक FRS पंजीकरण नहीं हो सका है.
डीपीओ ने इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए कहा कि बच्चों के पंजीकरण की स्थिति भी चिंताजनक है और इसे प्राथमिकता के आधार पर पूरा करना होगा.
प्रधानाध्यापकों को अंतिम चेतावनी
डीपीओ ने बताया कि सभी प्रधानाध्यापकों, प्रभारी प्रधानाध्यापकों और शिक्षक-शिक्षिकाओं को अंतिम चेतावनी जारी कर दी गई है.
उन्हें उपलब्ध कराए गए टैबलेट का उपयोग कर शत-प्रतिशत FRS पंजीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है.
अगले सप्ताह होगी समीक्षा
डीपीओ दीपक कुमार सिन्हा ने कहा कि विभाग अगले सप्ताह छात्रों के FRS पंजीकरण की समीक्षा करेगा. यदि लापरवाही जारी रही तो संबंधित अधिकारियों और कर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी.
उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर पूरा करना सभी संबंधित अधिकारियों और शिक्षकों की जिम्मेदारी है.
