छठ पूजा के बाद रोजी-रोटी की जुगाड़ में परदेस जाने के लिए ट्रेनों में उमड़ी भीड़

आस्था का महापर्व छठ पूजा की समाप्ति के बाद दिल्ली, मुंबई सहित अन्य राज्यों में काम करने वाले लोग अपने काम पर वापस लौटने को बेताब हैं और इसका असर बरौनी जंक्शन सहित अन्य स्टेशनों पर देखा जा रहा है.

बरौनी. आस्था का महापर्व छठ पूजा की समाप्ति के बाद दिल्ली, मुंबई सहित अन्य राज्यों में काम करने वाले लोग अपने काम पर वापस लौटने को बेताब हैं और इसका असर बरौनी जंक्शन सहित अन्य स्टेशनों पर देखा जा रहा है. जहां प्लेटफार्म से लेकर ट्रेन में लोगों की भारी भीड़ देखी जा रही है. लोगों के लिए पर्व और परिवार का भरण-पोषण ज्यादा जरूरी है और लोग वोट देनें की बात को दरकिनार कर परदेश अपने काम पर लौटने के लिए बेचैन दिख रहे हैं. आलम यह है कि पर्व में आने को लेकर जहां लोग ट्रेनों में खड़े होकर भी सफर करना जरूरी समझ रहे थे ठीक उसी प्रकार काम पर वापस जाने को लेकर भी लगभग वही नौबत देगी जा रही है और सफर करने वाले लोग आरक्षित टिकट नहीं मिलने की स्थिति में खड़े होकर, शौचालय के गेट के सामने बैठकर अपने साथी और परिजन के साथ किसी प्रकार सफर करने को मजबूर देखे जा रहे हैं. हलांकि रेल विभाग ने छठ महापर्व को लेकर परदेश से घर आने और वापस काम पर लौटने को परदेश जाने वाले लोगों के लिए सैकड़ों की संख्या में ट्रेन चलाया जा रहा है. रेल प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है. वहीं बरौनी स्टेशन पर भीड़ नियंत्रण और यात्री सुरक्षा और सुविधा को डीआरएम सोनपुर ने स्थानीय पदाधिकारी को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये हैं ताकि स्टेशन पर आने वाले लोगों को किसी प्रकार की कोई परेशानी न हो. वहीं पूजा स्पेशल ट्रेन चलाये जाने के बावजूद ट्रेनों में काफी भीड़ देखी जा रही है और आरक्षित श्रेणी का टिकट नहीं मिल पा रहा है. बहुत ट्रेनतो ऐसी है जिसमें आरक्षित की कौन कहे वेटिंग टिकटभी नहीं मिल रहा है. बावजूद परदेश जाने के बेताबलोग ट्रेनमें खड़े होकर किसी प्रकार सफर कर रोजी-रोटी के लिए एवं अपनी नौकरी बचाने के लिए लोकतंत्र के महापर्व को भुलाकर परदेश जाने को बेताब हैं. बताते चलें कि लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा सम्पन्न होने के बाद बरौनी जंक्शन सहित अन्य रेलवे स्टेशनों पर परदेश जाने को लोगों को भारी भीड़ देखी जा रही है. वहीं दिल्ली सहित अन्य महानगरों में जाने वाले लगभग सभी ट्रेनों में फिलहाल नो बुकिंग है.

लोगों के लिए पर्व जरूरी, वोट डालने में नहीं दिखा रहे हैं दिलचस्पी

आस्था का महापर्व छठ पूजा बिहार के लोगों के लिए सबसे महत्वपूर्ण पूजा है. जिसको लेकर देश और विदेश में रहने वाले लगभग लोग अपने घर वापसी करते हैं. और पूरे उत्साह के साथ छठ पूजा में भाग लेतें हैं. छठ पर्व पर घर आने के लिए कई महीनों से कामगार सहित उनके परिवार इंतजार करते हैं. बरौनी जंक्शन आरक्षण काउंटर पर वेटिंग लिस्ट और नो बुकिंग की लाल रंग की लिखावट देखने से पता चलता है कि लोगों को छठ पूजा पर्व से अधिक जरूरी कुछ नहीं लगता और लोग पूजा बाद सीधे काम पर लौटने के लिए परदेश पलायन करने के मूड में हैं. जिसका सीधा असर लोकतंत्र के महापर्व विधानसभा चुनाव पर पड़ना तय माना जा रहा है. निर्वाचन आयोग के अधिकारियों ने पहले भी यह स्वीकार किया है कि उत्तरप्रदेश और बिहार में कम मतदान प्रतिशत के पीछे यहां के लोगों का अन्य राज्यों में रोजी-रोटी के लिए जाना है. परदेश जाने वालों में बरौनी के आशुतोष मिश्र, संजय प्रसा���, प्रशांत मिश्र, लिली मिश्रा ने बताया कि बच्चों की पढ़ाई और दैनिक काम बहुत जरूरी है. वोट देनें की बात को लोग टालते नजर आये. वहीं बरौनी जंक्शन के पूछताछ काउंटर से मिली जानकारी के अनुसार सीमांचल एक्सप्रेस में वेटिंग लिस्ट भी बंद होने की स्थिति है नार्थ ईस्ट में नो बुकिंग, हमसफर में वेटिंग लिस्ट 52, वैशाली एक्सप्रेस ट्रेन, अवध आसाम एक्स्प्रेस, राजधानी एक्सप्रेस, पूर्वोत्तर संपूर्ण क्रांति में नो बुकिंग की स्थिति है. सरकार के द्वारा चलाए जा रहे स्पेशल ट्रेन की स्थिति भी वैसी है जो सामान्य ट्रेन की है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Manish kumar

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >