Shravani Mela 2026 : विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए बांका जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में है. आगामी 30 जुलाई से शुरू होने वाले मेले को लेकर सभी संबंधित विभागों को 22 जुलाई तक सौंपे गए कार्य हर हाल में पूरा करने का निर्देश दिया गया है. डीएम अंशुल अग्रवाल स्वयं प्रतिदिन विभिन्न विभागों की प्रगति की समीक्षा कर रहे हैं और समयबद्ध कार्य सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दे रहे हैं.
55 किलोमीटर कांवरिया पथ पर बेहतर सुविधाओं का लक्ष्य
इस वर्ष प्रशासन का लक्ष्य धौरी से दुम्मा तक लगभग 55 किलोमीटर लंबे कांवरिया पथ को पहले से अधिक सुरक्षित, स्वच्छ और सुविधायुक्त बनाना है. सुल्तानगंज से बाबा बैद्यनाथ धाम तक पैदल यात्रा करने वाले लाखों शिवभक्तों को बांका जिले की सीमा में किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए व्यापक तैयारियां की जा रही हैं.
कटोरिया में बनेगा जिला मेला कंट्रोल रूम
श्रावणी मेले के दौरान कटोरिया में जिला मेला नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) स्थापित किया जाएगा, जबकि जिलेबिया मोड़ पर उप-नियंत्रण कक्ष बनाया जाएगा. यहां वरीय प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों के साथ बीडीओ, सीओ और अन्य कर्मियों की रोस्टर के अनुसार 24 घंटे प्रतिनियुक्ति रहेगी, ताकि किसी भी स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके.
पीएचईडी के मेगा कैंप में मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं
कंट्रोल रूम के समीप पीएचईडी द्वारा मेगा कैंप स्थापित किया जाएगा. यहां श्रद्धालुओं के लिए आरओ पेयजल, ठंडा पानी, स्थायी एवं अस्थायी शौचालय, स्नानागार तथा गर्म पानी कुंड जैसी सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी. स्वच्छता बनाए रखने के लिए नियमित रूप से चूना और ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव भी कराया जाएगा.
ठहराव, सुरक्षा और सफाई पर विशेष जोर
कांवरिया पथ पर स्थित सरकारी धर्मशालाओं, पर्यटन विभाग के कैफेटेरिया और रैन शेल्टरों में पेयजल, बिजली, शौचालय, स्नानागार और ठहरने की समुचित व्यवस्था की जा रही है. पूरे मार्ग पर नियमित सफाई अभियान चलाया जाएगा. सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती होगी. वहीं कच्चे कांवरिया पथ को अधिक सुगम बनाने के लिए मरम्मत कार्य के साथ महीन गंगा बालू बिछाने का काम भी तेजी से चल रहा है.
रोजाना हो रही मॉनिटरिंग
डीएम अंशुल अग्रवाल के निर्देश पर भवन निर्माण, पीएचईडी, पथ निर्माण, विद्युत, स्वास्थ्य सहित सभी विभागों के अधिकारी लगातार कांवरिया पथ का निरीक्षण कर रहे हैं. बीडीओ और सीओ को प्रतिदिन तैयारियों की निगरानी कर प्रगति रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंपने का निर्देश दिया गया है. प्रशासन का कहना है कि श्रद्धालुओं की सेवा, सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस बार उन्हें पहले से अधिक बेहतर व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जाएंगी.
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