कोलकाता के शिवभक्तों की आकर्षक कांवर बनी चर्चा का विषय, कांवरिया पथ पर हर कोई निहार रहा नजारा

Shravani Mela 2026: कोलकाता के शिवभक्तों की रंग-बिरंगी और आकर्षक कांवर इन दिनों कांवरिया पथ पर हर किसी का ध्यान खींच रही है. लोग रुककर तस्वीरें और वीडियो बना रहे हैं.

कटोरिया (बांका) से दीपक चौधरी की रिपोर्ट

Shravani Mela 2026: श्रावणी मेला शुरू होने में अभी लगभग 30 दिन शेष हैं, लेकिन सुल्तानगंज से बाबा बैद्यनाथधाम तक जाने वाले कांवरिया पथ पर इन दिनों आस्था, भक्ति और आकर्षक सजावट का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है. विशेष रूप से पश्चिम बंगाल के कोलकाता से आए शिवभक्तों की टोली अपने भव्य और कलात्मक ढंग से सजे कांवर के कारण श्रद्धालुओं और राहगीरों के बीच आकर्षण का केंद्र बनी हुई है.

Shravani Mela 2026: जहां पहुंच रही टोली, वहीं जुट रही लोगों की भीड़

कोलकाता से आए शिवभक्तों की आकर्षक कांवर यात्रा जिस स्थान से गुजर रही है, वहां लोग कुछ देर रुककर उसकी खूबसूरती को निहार रहे हैं. कई श्रद्धालु और राहगीर अपने मोबाइल कैमरों में इस अनोखी कांवर की तस्वीरें और वीडियो कैद करते नजर आ रहे हैं. कांवर की कलात्मक सजावट लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है.

सौ किलोमीटर की पैदल यात्रा पर निकले शिवभक्त

उत्तरवाहिनी गंगा सुल्तानगंज से पवित्र गंगाजल भरकर लगभग सौ किलोमीटर की पैदल यात्रा के संकल्प के साथ निकले शिवभक्त पूरी श्रद्धा, अनुशासन और उत्साह के साथ देवघर की ओर बढ़ रहे हैं. “बोल बम”, “हर-हर महादेव” और “बाबा नगरिया दूर है, जाना जरूर है” के जयघोष से पूरा कांवरिया पथ गूंज रहा है.

रंग-बिरंगी सजावट और धार्मिक प्रतीकों से सजी कांवर

शिवभक्तों की भारी-भरकम और कलात्मक कांवर को विशेष डिजाइन, रंग-बिरंगी सजावट, विद्युत झालरों और धार्मिक प्रतीकों से सजाया गया है. दूर से ही इसकी भव्यता लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच रही है और यह कांवर यात्रा पूरे मार्ग पर आकर्षण का केंद्र बनी हुई है.

दो भव्य कांवर के साथ बाबाधाम के लिए रवाना हुआ दल

बुधवार को कोलकाता से आए 16 शिवभक्तों का दल दो आकर्षक कांवर के साथ कटोरिया होकर बाबाधाम के लिए रवाना हुआ. यात्रा के दौरान कांवरिए बारी-बारी से कांवर को अपने कंधों पर उठाकर आगे बढ़ते रहे. उनके चेहरों पर बाबा के दर्शन की उत्सुकता और अटूट श्रद्धा साफ दिखाई दे रही थी.

देश में सुख-शांति और समृद्धि की करेंगे कामना

शिवभक्तों ने बताया कि वे प्रत्येक वर्ष श्रद्धा के साथ सुल्तानगंज से गंगाजल लेकर पैदल बाबा बैद्यनाथधाम पहुंचते हैं. इस वर्ष भी वे भगवान बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग पर जलार्पण कर देश में सुख, शांति, समृद्धि और सर्वजन कल्याण की प्रार्थना करेंगे. उनका कहना था कि देवाधिदेव महादेव अपने भक्तों की सच्ची श्रद्धा से प्रसन्न होकर उनकी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं.

आस्था के साथ सामाजिक एकता का भी संदेश

कांवरिया पथ पर गुजर रही ऐसी आकर्षक कांवर यात्राएं न केवल शिवभक्ति की गहरी आस्था को दर्शा रही हैं, बल्कि भारतीय संस्कृति, धार्मिक परंपरा और सामाजिक एकता की सुंदर झलक भी प्रस्तुत कर रही हैं. दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं का उत्साह और बाबा के प्रति अटूट विश्वास पूरे कांवरिया पथ को भक्तिमय वातावरण से सराबोर कर रहा है.

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Published by: Amit kumar sinh

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