बौंसी बनेगा हरियाली का हब, ‘हरियाली लाओ, धरती बचाओ’ अभियान से सजेगा पूरा प्रखंड
Banka News : विश्व पर्यावरण दिवस पर बौंसी प्रखंड आज हरियाली के बड़े उत्सव का गवाह बनेगा. सैकड़ों पौधों के रोपण, जागरूकता अभियानों और छात्र-छात्राओं की प्रतियोगिताओं के जरिए “हरियाली लाओ, धरती बचाओ” का संदेश जन-जन तक पहुंचाया जाएगा, जिससे पूरा क्षेत्र एक दिन के लिए पर्यावरण संरक्षण के महाअभियान में बदल जाएगा.
बौसी (बांका) से संजीव पाठक की रिपोर्ट
Banka News : बांका जिले के बौंसी प्रखंड में गुरुवार को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर व्यापक स्तर पर कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा. न्यागांव स्थित अमृत सरोवर से लेकर कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय तक विभिन्न स्थानों पर वृक्षारोपण, जन-जागरूकता अभियान और रचनात्मक प्रतियोगिताओं के माध्यम से लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति प्रेरित किया जाएगा.
अमृत सरोवर में सजेगा हरियाली का महाअभियान
न्यागांव स्थित अमृत सरोवर परिसर में “हरियाली लाओ, धरती बचाओ” अभियान के तहत बड़े पैमाने पर पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा. इस दौरान सैकड़ों पौधे लगाए जाएंगे और ग्रामीणों को अधिक से अधिक वृक्ष लगाने के लिए प्रेरित किया जाएगा. आयोजकों का कहना है कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने का सबसे प्रभावी उपाय वृक्षारोपण ही है.
जनभागीदारी से बनेगा पर्यावरण आंदोलन
कार्यक्रम को केवल औपचारिक आयोजन नहीं बल्कि जनआंदोलन का स्वरूप देने का प्रयास किया जा रहा है. पंचायत प्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, ग्रामीणों और विभिन्न विभागीय अधिकारियों की सहभागिता सुनिश्चित की गई है. पंचायत समिति सदस्य कुंदन कुमार ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण को लेकर सामूहिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करना इस अभियान का मुख्य उद्देश्य है.
प्रशासनिक और जनप्रतिनिधियों की रहेगी भागीदारी
कार्यक्रम में प्रमुख नीतू हेंब्रम, बीडीओ हर्ष पराशर, सीओ कुमार रवि, प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी, कार्यक्रम पदाधिकारी, स्वास्थ्य एवं उद्यान विभाग के अधिकारी सहित कई गणमान्य लोग शामिल होंगे. हालांकि कुछ विधायकों के पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के कारण उनकी उपस्थिति संभव नहीं होगी, लेकिन स्थानीय प्रशासन की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई है.
छात्राओं के लिए विशेष पर्यावरणीय कार्यक्रम
वन विभाग की ओर से बौंसी स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. यहां छात्राओं के लिए भाषण, चित्रकला, निबंध लेखन और अन्य प्रतियोगिताओं का आयोजन होगा, ताकि नई पीढ़ी में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके.
नई पीढ़ी को मिलेगा प्रकृति संरक्षण का संदेश
वन विभाग के फॉरेस्टर विद्यासागर ने बताया कि छात्रों को वृक्षों के महत्व, जैव विविधता संरक्षण और हरित जीवनशैली के लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाएगी. साथ ही उन्हें व्यवहारिक तरीके से पर्यावरण संरक्षण के उपायों से भी अवगत कराया जाएगा.
दीर्घकालिक बदलाव की ओर कदम
आयोजकों के अनुसार यह अभियान केवल एक दिन का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य लोगों में प्रकृति के प्रति दीर्घकालिक जिम्मेदारी और सहभागिता की भावना विकसित करना है. उम्मीद जताई जा रही है कि इस पहल से क्षेत्र में वृक्षारोपण को नई गति मिलेगी और अधिक से अधिक लोग हरित मिशन से जुड़ेंगे.