Aurangabad Ganesh Utsav 2026 : गणपति बप्पा मोरया के जयघोष के साथ रविवार से औरंगाबाद शहर में गणेश जन्मोत्सव का आगाज हो गया है, जहां धर्मशाला चौक स्थित शहर के इकलौते गणपति मंदिर में 11 दिवसीय गणेश उत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है.
भव्य महाआरती और प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति
गणेश सेवा समिति के तत्वावधान में 14 से 25 सितंबर तक आयोजित होने वाले इस उत्सव को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. उत्सव के दौरान प्रतिदिन शाम सात बजे भव्य महाआरती का आयोजन किया जाएगा.
गणेश जन्मोत्सव के पहले दिन जिलाधिकारी अभिलाषा शर्मा, एसपी उपेंद्रनाथ वर्मा एवं उप विकास आयुक्त कुमारी अनुपम सिंह यजमान के रूप में महाआरती में शामिल हुए और भगवान गणेश की आरती उतारी, जिसके बाद सभी श्रद्धालुओं के बीच यजमानों ने महाप्रसाद का वितरण किया.
प्रतिदिन भजन संध्या और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन
गणेश सेवा समिति के संरक्षक रंजीत कुमार सिंह ने बताया कि 11 दिनों तक चलने वाले उत्सव को लेकर व्यापक तैयारी की गई है. प्रत्येक दिन गणपति दरबार में पूजा-अर्चना और महाआरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे तथा महाआरती के बाद प्रतिदिन रात्रि में भजन संध्या का आयोजन किया जाएगा.
इसके साथ ही, 23 एवं 24 सितंबर को बाहरी कलाकारों द्वारा भक्ति जागरण का भव्य आयोजन किया जाएगा, जिसमें विभिन्न पदाधिकारी, गणमान्य लोग, सामाजिक सरोकार से जुड़े व्यक्ति, जनप्रतिनिधि, नेता और प्रबुद्ध नागरिक मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे.
सुरक्षा व्यवस्था और समिति के सदस्यों की पहचान
उत्सव के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर समिति ने भी विशेष तैयारी की है. गणेश सेवा समिति से जुड़े सदस्यों को नाम और फोटोयुक्त पहचान पत्र जारी किए गए हैं, ताकि समिति के सदस्यों की आसानी से पहचान हो सके और बाहरी असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखी जा सके. इसके अलावा, स्थानीय नगर थाना पुलिस और जिला प्रशासन की ओर से भी उत्सव के दौरान पूरा सहयोग प्रदान किया जा रहा है.
25 सितंबर को निकलेगी भव्य शोभायात्रा और रूट
गणेश उत्सव के अंतिम दिन यानी 25 सितंबर को शहर में एक भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी.
इस शोभायात्रा में हाथी, घोड़े, गाजे-बाजे के साथ भगवान गणेश की प्रतिमा और विभिन्न प्रकार की आकर्षक झांकियां शामिल होंगी, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है. यह शोभायात्रा धर्मशाला चौक स्थित गणपति मंदिर से शुरू होकर पुरानी जीटी रोड के रास्ते रमेश चौक पहुंचेगी और इसके बाद बाजार होते हुए अदरी नदी तक जाएगी, जिसे हर वर्ष की तरह इस बार भी बेहद भव्य रूप देने की पूरी तैयारी की गई है.
