Aurangabad News: दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में बुधवार को आइसा (AISA), आरवाईए (RYA) एवं भाकपा-माले (CPI-ML) के संयुक्त तत्वावधान में औरंगाबाद में विरोध प्रदर्शन किया गया. कार्यकर्ताओं ने सिन्हा कॉलेज मोड़ से मुख्य बाजार तक जुलूस निकाला और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा गृह मंत्री अमित शाह का पुतला फूंका.
दमनकारी नीति का लगाया आरोप
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि दिल्ली में अपनी वाजिब मांगों को लेकर शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे छात्रों और युवाओं पर पुलिस द्वारा बर्बरतापूर्ण लाठीचार्ज किया गया. वक्ताओं ने कहा कि सरकार युवाओं से संवाद करने के बजाय उन पर बल प्रयोग कर रही है, जो पूरी तरह लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है. इस लाठीचार्ज में कई छात्र-छात्राएं गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनका इलाज अस्पताल में चल रहा है.
पेपर लीक और निजीकरण पर जताई चिंता
नेताओं ने पटना में राजभवन मार्च के दौरान छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की भी कड़े शब्दों में निंदा की. साथ ही NEET, SSC और CBSE समेत विभिन्न प्रतियोगी व शैक्षणिक परीक्षाओं में लगातार हो रहे पेपर लीक और धांधली पर गहरी चिंता जताई. प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, परीक्षाओं में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने की मांग की.
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने छात्रों और युवाओं की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया, तो इस आंदोलन को और अधिक तीव्र किया जाएगा.
