खेतों में बोरिंग और सिंचाई पर बंपर छूट: प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत किसानों को 55% तक सब्सिडी, ऐसे करें आवेदन

किसानों की आय बढ़ाने और पैदावार दोगुना करने के लिए सरकार प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना चला रही है. इस योजना के तहत ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई पर 45-55% तक सब्सिडी मिल रही है, जिससे 70% तक पानी की बचत होती है.

Prime Minister's Micro Irrigation Scheme: किसानों की आय बढ़ाने और फसलों की उत्पादकता को दोगुना करने के उद्देश्य से सरकार ने प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत आधुनिक सिंचाई तकनीकों को बढ़ावा देना शुरू कर दिया है. अरवल जिले में इस योजना के अंतर्गत ड्रिप और मिनी स्प्रिंकलर सिस्टम लगाने पर किसानों को 45 से 55 प्रतिशत तक भारी सब्सिडी दी जा रही है. इस वैज्ञानिक पद्धति से जहां 70 प्रतिशत तक पानी की बचत होती है, वहीं पौधों को सीधे उनकी जरूरत के मुताबिक पानी और तरल उर्वरक उपलब्ध कराया जाता है.

ड्रिप-स्प्रिंकलर से 70% जल की बचत और अधिक पैदावार

पारंपरिक सिंचाई की तुलना में सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली (ड्रिप और स्प्रिंकलर) से पानी का अपव्यय रुकता है. इस तकनीक में रासायनिक उर्वरकों को भी पानी के साथ घोल बनाकर सीधे पौधों की जड़ों तक पहुंचाया जाता है, जिससे लागत कम आती है और पैदावार बेहतर होती है. इसके साथ ही प्लास्टिक मल्चिंग के प्रयोग से खेत में नमी बनी रहती है, खरपतवार की समस्या समाप्त होती है और फसलों की गुणवत्ता में अभूतपूर्व सुधार देखने को मिलता है. 'जल जीवन हरियाली' अभियान के तहत यह योजना किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी साबित हो रही है.

170 एकड़ का लक्ष्य, श्रेणीवार सब्सिडी का प्रावधान

जिले में प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना के अंतर्गत ड्रिप और मिनी स्प्रिंकलर के लिए 170 एकड़ का लक्ष्य निर्धारित किया गया है:

  • अनुदान की दरें: लघु एवं सीमांत किसानों तथा सामान्य वर्ग के किसानों को 45 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा. वहीं, अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और वृहत किसानों के लिए अधिकतम 55 प्रतिशत तक सब्सिडी का प्रावधान किया गया है.
  • सामुदायिक नलकूप की सुविधा: धान-गेहूं के अतिरिक्त सब्जी या बागवानी फसलों की खेती करने वाले किसान समूह बनाकर यदि सामूहिक रूप से बागवानी करते हैं, तो उन्हें सामुदायिक नलकूप जैसी बड़ी सिंचाई परियोजनाओं से भी जोड़ा जाएगा. इसके अलावा योजना के तहत पुराने कुओं के जीर्णोद्धार, रूफटॉप जल संचयन और खेत स्तर पर जल प्रबंधन की सुविधाएं भी शामिल हैं.

'पहले आओ-पहले पाओ' के आधार पर ऑनलाइन आवेदन शुरू

जिला उद्यान पदाधिकारी राहुल रंजन ने बताया कि प्रधानमंत्री सूक्ष्म सिंचाई योजना का लाभ लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. इच्छुक किसान कृषि एवं उद्यान विभाग के आधिकारिक पोर्टल पर जाकर अपना ऑनलाइन पंजीकरण करा सकते हैं. योजना का लाभ 'पहले आओ, पहले पाओ' के आधार पर दिया जा रहा है, इसलिए किसान जल्द से जल्द आवेदन कर इस भारी सब्सिडी का लाभ उठाएं.

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By निशिकांत सिंह

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