भरत तिवारी के शव के साथ परिजन सड़क पर उतरे, आरा-बक्सर हाईवे किया जाम, पुलिस ने भीड़ पर किया लाठीचार्ज

Bharat Tiwari Encounter : करीब एक से डेढ़ हजार की संख्या में जुटे ग्रामीणों ने मृतक भरत भूषण तिवारी को न्याय दिलाने और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की.

आरा से मो. वसीम की रिपोर्ट
Bharat Tiwari Encounter : शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में पुलिस एनकाउंटर में युवक की मौत के बाद गुरुवार की सुबह ग्रामीणों का आक्रोश भड़क उठा. ग्रामीणों ने युवक के शव को रखकर आरा-बक्सर फोरलेन जाम कर दिया. इस दौरान ग्रामीणों पर पुलिस ने लाठी चार्ज कर दिया. ग्रामीणों की ओर से भी रोड़ेबाजी की गयी. इसके बाद आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया.

जानकारी के अनुसार, करीब एक से डेढ़ हजार की संख्या में जुटे ग्रामीणों ने मृतक भरत भूषण तिवारी को न्याय दिलाने और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. सड़क जाम के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा.

ग्रामीणों ने उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग

ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस कार्रवाई संदिग्ध है और घटना की उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए. बताया जाता है कि मानसिक रूप से परेशान भरत भूषण तिवारी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. इसके बाद पुलिस उसकी जांच के लिए उसके घर पहुंची थी. इसी दौरान वह कथित रूप से उग्र हो गया और पुलिस पर हथियार तान दिया.

पुलिस एनकाउंटर में पैर में लगी गोली, इलाज के दौरान मौत

इसके बाद बुधवार सुबह पुलिस और पटना एसटीएफ की टीम उसे पकड़ने दोबारा पहुंची. इस दौरान उसने पुलिस पर कथित रूप से फायरिंग की, जिसके जवाब में पुलिस की कार्रवाई में उसे गोली लग गई.

गंभीर रूप से घायल युवक को पहले शाहपुर रेफरल अस्पताल, फिर आरा सदर अस्पताल और बाद में पटना पीएमसीएच रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.

ग्रामीणों पर लाठी चार्ज करते पुलिस अधिकारी. फोटो-प्रभात खबर

थानाध्यक्ष राजेश मालाकार सहित कई पुलिसकर्मी सस्पेंड

घटना के बाद मामले पर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर सवाल उठने लगे हैं. वहीं पुलिस अधीक्षक ने कार्रवाई करते हुए शाहपुर थानाध्यक्ष राजेश मालाकार सहित कई पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. ग्रामीणों का धरना और सड़क जाम देर तक जारी रहा.

पुलिस अधिकारियों को बर्खास्त करने की मांग मानने के बाद थमा हंगामा

इस दौरान परिजनों ने एएसपी राजकुमार साह को आवेदन सौंपा जिसमें शाहपुर थानाध्यक्ष समेत एनकाउंटर में शामिल पुलिसकर्मियों को बर्खास्त करने की मांग की गई थी. साथ ही परिवार को मुआवजा व सरकारी नौकरी देने की मौखिक मांग भी की गई है. एएसपी ने परिजनों के आवेदन पर हस्ताक्षर कर रख लिया और साथ ही उचित जांच का आश्वासन दिया. इसके बाद ही जाकर करीब छह घंटे बाद आक्रोशित लोगों ने जाम हटाया और हाईवे पर ट्रैफिक सामान्य हो सका.

फर्जी एनकाउंटर बता हंगाम करते ग्रामीण।

जानिए… क्या था मामला

बताया जाता है कि भरत तिवारी मानसिक रूप से परेशान था. उसका एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. जिसके बाद थानाध्यक्ष के नेतृत्व में पुलिस जांच करने मंगलवार को उसके घर पहुंची थी. समझाने के दौरान युवक अचानक उग्र हो गया था और पुलिसकर्मियों पर पिस्टल तान दी थी. गोली मारने की भी धमकी देने लगा था.

वायरल वीडियो में साफ से देखा जा रहा था कि खटिया पर उक्त युवक पिस्टल लेकर लेटा है थानाध्यक्ष बगल में कुर्सी पर बैठकर उससे बात कर रहे है. बगल में एक महिला भी बैठी है. बातचीत के दौरान हथियार लिए दो पुलिसकर्मी उसकी तरफ जैसे बढ़े. तभी उन्हें देखकर युवक अचानक उग्र हो जाता है और पिस्टल तान देता है.

पुलिस पकड़ने गयी तो तान कर दी फायरिंग

बुधवार की सुबह जब पुलिस उसे पकड़ने के प्रयास में फिर से बिलौटी गांव पहुंची. इस दौरान युवक द्वारा पुलिस को पिस्टल लेकर दौड़ाया जाने लगा और गाली-गलौज करते हुए गोली मारने की धमकी दी जाने लगी. इसके बाद युवक द्वारा पुलिसकर्मियों पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी गई. जवाबी कार्रवाई में जब पुलिस ने फायरिंग की तो उसे दोनों पैर में गोली लग गई.

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Published by: Rajeev Kumar

राजीव कुमार डिजिटल कंटेंट राइटर राजीव कुमार ( डिजिटल कंटेंट राइटर) राजीव कुमार वर्तमान में प्रभात खबर में डिजिटल कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हैं. मई 2026 में प्रभात खबर के डिजिटल विंग से जुड़े हैं. पत्रकारिता में न्यूज डेस्क पर काम करने का तीन साल का अनुभव है. प्रभात खबर में जुड़ने से पहले हिंदुस्तान और दैनिक भास्कर में काम कर चुके हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बिहार से जुड़ी खबरों को करते हैं.जिले की खबरों समेत लोकल खबर पर नजर बनाए रखते हैं. खबरों की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए स्रोतों की जांच के साथ तथ्यों की पुष्टि अनिवार्य रूप से करते हैं. विशेषज्ञता राजीव कुमार खास तौर पर राजनीति की खबर,ब्रेकिंग न्यूज, रियल टाइम खबरें और मौसम की खबर समेत रिसर्च आधारित खबरें करते हैं. इसके अलावा वह हर तरह के इवेंट का पल-पल का लाइव कवरेज भी करते हैं. सोशल मीडिया एक्स हैंडल पर नजर बनाएं रखते है. खासकर राजनीति से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस रखते है. बिहार की राजनीति पर हमेशा नजर रहती है. पत्रकारिता अनुभव राजीव कुमार ने पत्रकारिता में मास्टर डिग्री हासिल करने के बाद हिंदुस्तान जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में पत्रकारिता का शुरुआती ज्ञान लिया, यहां हेडलाइन, ब्रेकिंग न्यूज, लाइव कवरेज,खबर की थीम,खबरों में तथ्य आदि के बारे में बारीकी से समझा. करीब एक साल तक हिंदुस्तान अखबार में काम करने बाद दैनिक भास्कर में काम करने का मौका मिला.दैनिक भास्कर में जिले से जुड़ी खबर, लोकल खबर समेत कई खबरों की जानकारी मिली.करीब दो साल तक दैनिक भास्कर में काम करने के बाद प्रभात खबर डिजिटल में पारी की शुरुआत की. शिक्षा/पुरस्कार मूल रूप से बिहार के पूर्वी चंपारण के बाबा सोमेश्वरनाथ नगरी रहने वाले राजीव कुमार ने महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय मोतिहारी से मास कम्युनिकेशन में पारास्नातक की डिग्री हासिल किया. दैनिक भास्कर में काम करने के दौरान बेतहर हेडिंग और एनओडी पैकेज पर दो-दो पुरस्कार प्राप्त है.

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