बिहिया-कटेया मार्ग पर रात के अंधेरे में काल बनकर आया वाहन, 25 वर्षीय युवक की दर्दनाक मौत

Arrah Accident News:आरा जिले के बिहिया थाना क्षेत्र अंतर्गत बिहिया-कटेया मार्ग शुक्रवार की रात एक अज्ञात वाहन ने साइकिल सवार मजदूर को बेरहमी से रौंद दिया. इस सड़क हादसे में 25 वर्षीय मजदूर की मौके पर ही मौत हो गई. मृतक अपने पीछे तीन मासूम बच्चों और पत्नी को छोड़ गया है.

Arrah Accident News: (मो. वसीम की रिपोर्ट) भोजपुर जिले के बिहिया थाना क्षेत्र में रफ्तार का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है. बिहिया-कटेया मार्ग पर कटेया गांव स्थित न्यू पंचायत भवन के समीप शुक्रवार की रात एक अज्ञात अनियंत्रित वाहन ने साइकिल से घर लौट रहे एक मजदूर को बुरी तरह रौंद दिया. टक्कर इतनी जोरदार थी कि युवक की घटनास्थल पर ही तड़प-तड़प कर मौत हो गई. मृतक की पहचान बिहिया थाना क्षेत्र के कटेया गांव निवासी नागदेव पासवान के 25 वर्षीय पुत्र अवध कुमार पासवान के रूप में की गई है.

मृतक के चचेरे भाई नितिन पासवान ने बताया कि अवध रोज की तरह शुक्रवार की सुबह भी अपनी साइकिल उठाकर मजदूरी करने के लिए बिहिया बाजार गया था. दिनभर हाड़तोड़ मेहनत करने के बाद शुक्रवार की देर रात वह साइकिल से वापस अपने गांव लौट रहा था. इसी बीच कटेया गांव के न्यू पंचायत भवन के पास पहुंचते ही किसी अज्ञात भारी वाहन ने उसे चपेट में ले लिया और कुचलते हुए फरार हो गया.

रातभर राह तकते रहे परिजन, सुबह सड़क किनारे मिला शव

परिजनों ने बताया कि जब अवध देर रात तक घर वापस नहीं लौटा, तो परिवार वाले किसी अनहोनी की आशंका से परेशान हो उठे. रातभर जागकर राह तकने के बाद शनिवार की सुबह परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की. ढूंढते हुए जब लोग गांव के न्यू पंचायत भवन के पास पहुंचे, तो देखा कि अवध का शव लहूलुहान स्थिति में सड़क के किनारे पड़ा हुआ था और उसकी साइकिल क्षतिग्रस्त थी. यह मंजर देखते ही चीख-पुकार मच गई. इसके बाद स्थानीय ग्रामीणों की मदद से बिहिया थाना पुलिस को मामले की लिखित सूचना दी गई. सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए आरा सदर अस्पताल भेज दिया.

तीन मासूम बच्चों के सिर से उठा पिता का साया

अवध कुमार पासवान अपने परिवार का मुख्य कमाऊ सदस्य था. वह अपने तीन भाइयों और दो बहनों में सबसे छोटा था. उसकी असामयिक मौत के बाद पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है. मृतक के परिवार में उसकी वृद्ध मां फुलकुंअर देवी, पत्नी मधु देवी और तीन छोटे-छोटे बेटे सूर्या, सूर्यांश एवं अभी हैं.

घटना के बाद से मां और पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है. पत्नी बार-बार अपने मासूम बच्चों को देख अचेत हो जा रही है. स्थानीय ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से पीड़ित गरीब परिवार के लिए उचित मुआवजे और पारिवारिक लाभ योजना के तहत तत्काल आर्थिक सहायता देने की मांग की है. पुलिस ने अज्ञात वाहन के खिलाफ मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है.

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Published by: Nikhil Anurag

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