सेमीफाइनल में हार के बाद एमबाप्पे का छलका दर्द, अपनी टीम के प्रदर्शन पर उठाए सवाल

Kylian Mbappe: फीफा वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में स्पेन से 2-0 की हार के बाद फ्रांस के कप्तान एमबाप्पे ने टीम के प्रदर्शन पर जताई कड़ी नाराजगी. जानें हार के पीछे की वजहें.

Kylian Mbappe: फीफा वर्ल्ड कप 2026 के सेमीफाइनल में स्पेन के हाथों मिली 2-0 की हार के बाद फ्रांस के कप्तान किलियन एमबाप्पे ने टीम के प्रदर्शन पर खुलकर निराशा जताई है. उन्होंने रणनीति, तकनीक और मानसिक स्तर पर टीम की कमियों को उजागर किया.

एमबाप्पे ने गिनाईं फ्रांस की हार की मुख्य वजहें

एमबाप्पे ने मैच के बाद कहा, “हमने वह खेल नहीं खेला जो हम खेलना चाहते थे. चाहे बात रणनीति की हो, तकनीक की हो या फिर पूरे प्रदर्शन के स्तर की, हम हर जगह पीछे रहे. जब आप वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में वह नहीं कर पाते जो आपको करना चाहिए, तो जीतना मुश्किल हो जाता है.” उन्होंने टीम की तकनीकी गलतियों पर भी सवाल उठाए. एमबाप्पे ने कहा कि गेंद वापस हासिल करने के बाद भी फ्रांस के खिलाड़ी सही पास और पहला टच नहीं दे सके, जो वर्ल्ड कप सेमीफाइनल के स्तर के अनुरूप नहीं था.

फ्रांस की रणनीति क्यों नहीं दिखी असरदार?

फ्रांस ने मुकाबले में स्पेन के खिलाफ हाई-प्रेसिंग रणनीति के साथ उतरने की योजना बनाई थी. टीम का उद्देश्य था कि स्पेन के मिडफील्ड और तकनीकी खिलाड़ियों को लगातार दबाव में रखा जाए ताकि वे गेंद पर नियंत्रण खो दें. लेकिन मैदान पर यह योजना पूरी तरह सफल नहीं हो सकी. फ्रांस के खिलाड़ियों के बीच तालमेल और संवाद की कमी साफ नजर आई, जिसका फायदा स्पेन के अनुभवी मिडफील्डरों रोड्री और फाबियान रुइज ने उठाया. दोनों खिलाड़ियों ने खेल की गति को नियंत्रित किया और फ्रांस के दबाव को आसानी से तोड़ा.

स्पेन ने शुरुआत से बनाई बढ़त

स्पेन ने खेल की शुरुआत से ही फ्रांस पर दबाव बनाए रखा. मिकेल ओयारजाबाल ने पेनल्टी से गोल कर स्पेन को शुरुआती बढ़त दिलाई, जिसे दूसरे हाफ में पेड्रो पोरो ने एक और गोल करके और मजबूत कर दिया. फ्रांस ने मैच में वापसी करने की बहुत कोशिश की, लेकिन स्पेन की बेहतरीन डिफेंस और शानदार खेल के आगे उनकी एक न चली और वे नाकाम रहे.

कप्तान ने खुद को भी ठहराया जिम्मेदार

हार के बाद आलोचनाओं के बीच एमबाप्पे ने अपने साथियों का बचाव करने के बजाय कप्तान के तौर पर पूरी जिम्मेदारी स्वीकार की. उन्होंने कहा, “कप्तान होने के नाते मुझे पूरी जिम्मेदारी लेनी होगी और मुझे इससे कोई समस्या नहीं है. हम फाइनल में जाना चाहते थे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका. निराशा बहुत बड़ी है और इसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है.” एमबाप्पे ने कहा कि अब टीम को इस निराशा से बाहर निकलना होगा और नए सिरे से शुरुआत करनी होगी.

फ्रांस के युवा खिलाड़ी रयान शेरकी ने क्या कहा

फ्रांस के युवा आक्रामक खिलाड़ी रयान शेरकी ने भी टीम के प्रदर्शन पर निराशा जताई. उन्होंने कहा कि इस मुकाबले में फ्रांस के खेल से लगभग हर जरूरी चीज गायब थी. शेरकी के बयान से साफ था कि टीम को अपनी रणनीति और प्रदर्शन दोनों की समीक्षा करनी होगी.

लगातार तीसरे वर्ल्ड कप फाइनल का सपना टूटा

इस हार के साथ फ्रांस का लगातार तीसरी बार वर्ल्ड कप फाइनल में पहुंचने का सपना खत्म हो गया. इससे पहले फ्रांस 2018 में चैंपियन बना था और 2022 में फाइनल तक पहुंचा था. अब डिडिएर डेसचैम्प्स के नेतृत्व वाली फ्रांसीसी टीम अमेरिका में ही रुकेगी और तीसरे स्थान के प्लेऑफ मुकाबले की तैयारी करेगी. यह मैच शनिवार को मियामी में खेला जाएगा, जहां फ्रांस का सामना अर्जेंटीना और इंग्लैंड के बीच होने वाले दूसरे सेमीफाइनल के हारने वाले से होगा. फ्रांस के लिए यह मुकाबला केवल पदक जीतने का मौका नहीं होगा, बल्कि विश्व कप सेमीफाइनल की निराशा से उबरने और भविष्य के लिए नई दिशा तय करने का अवसर भी होगा.

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लेखक के बारे में

Published by: ऋतु राज

ऋतुराज प्रभात खबर डिजिटल में स्पोर्ट्स कंटेंट राइटर हैं. लीची की नगरी मुजफ्फरपुर (बिहार) से ताल्लुक रखने वाले ऋतुराज के पास डिजिटल खेल पत्रकारिता में 1 साल का गहरा अनुभव है. उन्होंने एशिया के प्रतिष्ठित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय (MCU) से साल 2025 में मीडिया रिसर्च में मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. खेल की हर छोटी-बड़ी और वायरल होती खबरों पर पैनी नजर रखना उनकी खासियत है. उनका मुख्य लक्ष्य प्रभात खबर के पाठकों तक खेल जगत की हर सटीक और विश्लेषण से भरी खबर सबसे पहले पहुंचाना है. पढ़ने और क्रिकेट खेलने के शौकीन ऋतुराज खेल को सिर्फ कवर नहीं करते, बल्कि उसकी बारीकियों को जीते हैं.

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