मैं टूट चुका था… रोहित शर्मा ने ICC 2023 वर्ल्ड कप हार को लेकर पहली बार खुलकर बात की, देखें Video

Rohit Sharma on World Cup 2023: पूर्व भारतीय कप्तान रोहित शर्मा ने वनडे विश्व कप 2023 की हार पर खुलकर बात की. उन्होंने कहा कि अहमदाबाद फाइनल की हार ने उन्हें तोड़ दिया था और वह मानसिक रूप से खाली हो गए थे. इस निराशा से सीख लेकर रोहित ने खुद को संभाला और टी20 विश्व कप 2024 में भारत को चैंपियन बनाया.

By Aditya Kumar Varshney | December 22, 2025 9:09 AM

Rohit Sharma on World Cup 2023:  भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान रोहित शर्मा (Rohit Sharma) ने आईसीसी वनडे विश्व कप 2023  (ICC ODI World Cup 2023) की हार को अपने करियर का सबसे कठिन दौर बताया है. अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ फाइनल हार के बाद वह अंदर से पूरी तरह टूट गए थे. रोहित ने कहा कि कप्तान बनने के बाद से उनका एक ही सपना था विश्व कप जीतना. लेकिन जब यह सपना अधूरा रह गया तो उन्हें संभलने में काफी समय लगा. इस अनुभव ने उन्हें जिंदगी और खेल दोनों में आगे बढ़ने की नई सीख दी.

अहमदाबाद की हार ने तोड़ दिया था हौसला

आईसीसी वनडे विश्व कप 2023 के फाइनल में भारत को ऑस्ट्रेलिया के हाथों हार का सामना करना पड़ा. पहले बल्लेबाजी करते हुए टीम इंडिया 240 रन ही बना सकी. जवाब में ऑस्ट्रेलिया ने ट्रेविस हेड (Travis Head) की शतकीय पारी और मार्नस लाबुशेन (Marnus Labuschagne) के अर्धशतक की मदद से लक्ष्य आसानी से हासिल कर लिया. इस हार ने पूरे देश को निराश किया और रोहित शर्मा के लिए यह पल बेहद दर्दनाक रहा. उन्होंने माना कि टीम और वह खुद यह मानने को तैयार नहीं थे कि इतना अच्छा टूर्नामेंट खेलने के बाद भी खिताब हाथ से निकल गया.

कप्तानी संभालने के बाद एक ही सपना

रोहित शर्मा ने 2022 में भारतीय टीम की कप्तानी संभाली थी. इसके बाद से उनका पूरा ध्यान आईसीसी टूर्नामेंट जीतने पर था. उन्होंने कहा कि उन्होंने विश्व कप के लिए महीनों नहीं बल्कि सालों तक मेहनत की थी. रणनीति बनाना टीम को जोड़कर रखना और हर खिलाड़ी से सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन निकलवाना उनकी प्राथमिकता थी. जब फाइनल में नतीजा मन के अनुसार नहीं आया तो वह पूरी तरह टूट गए. रोहित के अनुसार उस समय उनके शरीर और दिमाग में कोई ऊर्जा नहीं बची थी.

हार के बाद खेल छोड़ने का खयाल

रोहित शर्मा ने बेहद ईमानदारी से स्वीकार किया कि एक समय ऐसा भी आया जब उन्हें लगा कि वह क्रिकेट छोड़ देना चाहते हैं. विश्व कप की हार ने उनसे सब कुछ छीन लिया था. उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसा महसूस हो रहा था कि अब देने के लिए कुछ भी नहीं बचा है. लेकिन धीरे धीरे आत्ममंथन और खुद से बातचीत के जरिए उन्होंने खुद को संभाला. उन्होंने खुद को याद दिलाया कि क्रिकेट वही खेल है जिससे उन्हें सबसे ज्यादा प्यार है और इसे इतनी आसानी से छोड़ा नहीं जा सकता.

निराशा से सीख और नई शुरुआत

रोहित ने कहा कि इतनी बड़ी मेहनत के बाद असफल होना स्वाभाविक रूप से निराश करता है. लेकिन यही पल इंसान को मजबूत भी बनाते हैं. उन्होंने इस हार को जिंदगी की बड़ी सीख बताया. इसी सीख के सहारे उन्होंने खुद को दोबारा तैयार किया और अपना सारा ध्यान आईसीसी टी20 विश्व कप 2024 पर लगाया. अमेरिका और वेस्ट इंडीज में खेले गए इस टूर्नामेंट में भारत ने शानदार प्रदर्शन किया और दक्षिण अफ्रीका को हराकर खिताब अपने नाम किया. यह जीत रोहित के लिए मानसिक रूप से वापसी का सबसे बड़ा सबूत बनी.

युवाओं को दिया आत्मविश्वास का संदेश

मास्टर्स यूनियन के दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे रोहित शर्मा ने छात्रों को भी अपने अनुभवों से सीख लेने की सलाह दी. उन्होंने कहा कि जिंदगी के अगले पड़ाव में चुनौतियां जरूर आएंगी लेकिन उनसे डरने की जरूरत नहीं है. चुनौतियां ही इंसान को बेहतर बनाती हैं. रोहित ने छात्रों से आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने अपने सफर का आनंद लेने और सीखने की जिज्ञासा बनाए रखने की बात कही. उनके अनुसार ये साल दोबारा नहीं आते इसलिए हर पल को खुलकर जीना चाहिए.

ये भी पढ़ें-

T20 World Cup 2025 से पहले रोहित शर्मा और कोहली को लेकर पूर्व क्रिकेटर की बड़ी चेतावनी

2024 विजेता टीम से कितनी बदली 2026 टी20 वर्ल्ड कप की टीम, जानें कप्तान से लेकर कोच तक सभी बदलाव

भारतीय क्रिकेटर शार्दुल ठाकुर के घर गूंजी किलकारी, नए साल से पहले मिला खास तोहफा, पहली बार बने पिता