Lohri 2026: आज लोहड़ी की रात पवित्र अग्नि में भूलकर भी न डालें ये चीजें, वरना आ सकती है मुसीबत

Lohri 2026: लोहड़ी के दिन विशेष रूप से रात के समय पवित्र अग्नि जलाई जाती है. साधक इस अग्नि की परिक्रमा करते हुए इसमें कुछ विशेष चीजें अर्पित करते हैं. मान्यता है कि इससे अग्नि देव और सूर्य देव का आशीर्वाद प्राप्त होता है. हालांकि, इस पवित्र अग्नि में कुछ चीजों का डालना वर्जित माना गया है. आइए जानते हैं लोहड़ी की पवित्र अग्नि में किन चीजों को नहीं डालना चाहिए.

By Neha Kumari | January 13, 2026 9:01 AM

Lohri 2026: आज मंगलवार को लोहड़ी का त्योहार मनाया जा रहा है. यह पर्व हर साल माघ महीने में मनाया जाता है. लोहड़ी का त्योहार रबी फसल की कटाई और नई फसल के स्वागत के लिए मनाया जाता है. इस दिन विशेष रूप से सूर्य देव और अग्नि देव की पूजा की जाती है. मान्यता है कि लोहड़ी की रात पवित्र अग्नि जलाकर यदि उसमें कुछ खास चीजें अर्पित की जाएं, तो सूर्य देव और अग्नि देव प्रसन्न होते हैं और भक्तों को अच्छी फसल व सुख-समृद्धि का आशीर्वाद प्रदान करते हैं. हालांकि, इस दिन कुछ चीजों को अग्नि में डालना सख्त तौर पर मना माना गया है.

लोहड़ी की अग्नि में क्या नहीं डालना चाहिए?

पानी 

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पूजा समाप्त हो जाने के बाद कभी भी अग्नि को पानी डालकर नहीं बुझाना चाहिए. इसे शुभ नहीं माना जाता है. लोहड़ी की पवित्र अग्नि को स्वयं धीरे-धीरे बुझने देना चाहिए.

गंदगी या कूड़ा

लोहड़ी की पवित्र अग्नि में कभी भी गंदगी या कूड़ा नहीं डालना चाहिए. इसे अग्नि का अपमान माना जाता है. मान्यता है कि इससे आर्थिक दिक्कतें और जीवन में नकारात्मकता आ सकती है, साथ ही फसलों पर भी बुरा प्रभाव पड़ सकता है.

तामसिक वस्तुएं

लोहड़ी की पवित्र अग्नि शुद्धता और पवित्रता का प्रतीक है. इसमें कभी भी तामसिक वस्तुएं नहीं डालनी चाहिए. ऐसा करने से पूजा पर अशुभ प्रभाव पड़ सकता है और जीवन में परेशानियां आ सकती हैं.

जूठा सामान

माना जाता है कि लोहड़ी के दिन साधक को कभी भी जूठा या उपयोग किया हुआ सामान अग्नि में नहीं डालना चाहिए. इसे अशुभ माना जाता है और इससे घर में तंगी आने की आशंका रहती है.

यह भी पढ़ें: Lohri 2026: आज है लोहड़ी, जरूर करें इस कथा का पाठ, वरना पूजा रह जाएगी अधूरी

Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल मान्यताओं और परंपरागत जानकारियों पर आधारित है. प्रभात खबर किसी भी तरह की मान्यता या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है.