Panchayat: पंचायतों को आर्थिक और सामाजिक तौर पर सशक्त बनाने के लिए केंद्र सरकार लगातार काम कर रही है. देश में कई पंचायतों का काम इस मामले में शानदार रहा है. सरकार पंचायतों के बीच बेहतर प्रतिस्पर्धा के लिए विभिन्न मानकों पर पंचायतों का मूल्यांकन करती है. इस बाबत बुधवार को बेहतर प्रदर्शन करने वाले पंचायतों को राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार प्रदान किया गया जाएगा. केंद्रीय पंचायती राज एवं मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह की मौजूदगी में देश भर की 42 उत्कृष्ट पंचायतों को पुरस्कार दिया जाएगा.
दीन दयाल उपाध्याय पंचायत सतत विकास पुरस्कार श्रेणी के तहत 34 ग्राम पंचायत और नानाजी देशमुख सर्वोत्तम पंचायत सतत विकास पुरस्कार श्रेणी के तहत 8 पंचायतों को पुरस्कार दिया जाएगा. इस दौरान पुरस्कृत पंचायतों के काम और बेहतर कार्य प्रणाली को प्रदर्शित करने वाली एक ई-पुस्तक और देश भर में पंचायती राज संस्थाओं को मजबूत करने की सर्वोत्तम कार्य प्रणाली पर संकलित एक बुकलेट जारी किया जाएगा. इस दौरान पुरस्कार प्राप्त पंचायतों की सर्वोत्तम प्रथा और उपलब्धियों को लेकर प्रस्तुति दी जाएगी. इस दौरान केंद्रीय पंचायती राज मंत्रालय के सचिव विवेक भारद्वाज, भारत सरकार के वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के पंचायती राज संस्थानों के निर्वाचित प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे.
कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और ओडिशा का प्रदर्शन बेहतर
राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार दो श्रेणी में दिया जाता है. पहला दीन दयाल उपाध्याय पंचायत सतत विकास पुरस्कार के तहत आजीविका के अवसर बढ़ाने, स्वस्थ्य पंचायत, पानी की उपलब्ता, बच्चों और महिलाओं के लिए सुविधा, स्वच्छ एवं हरित, सामाजिक तौर पर सशक्त और गुड गवर्नेंस के मॉडल पर देश के 34 पंचायतों का चयन किया गया है. इसमें तीन श्रेणी बनायी गयी है. वहीं दूसरा पुरस्कार नानाजी देशमुख सर्वोत्तम पंचायत सतत विकास के जिला स्तर पर 8 पंचायतों का चयन किया गया है. इसके तहत जिला, ब्लॉक और पंचायत स्तर पर बेहतर करने वाली तीन श्रेणी की पंचायत बनायी गयी है. इसके लिए अच्छा प्रदर्शन करने वाले पंचायत को 50 लाख से लेकर 5 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि मुहैया कराने का प्रावधान है.
दीन दयाल उपाध्याय पंचायत सतत विकास पुरस्कार के तहत महिला फ्रेंडली के तौर पर झारखंड के पाकुड़ जिले के झिकरहाटी पूर्वी पंचायत का चयन किया है और पुरस्कार के तौर पर पंचायत को 75 लाख रुपये की राशि मिलेगी. वहीं नानाजी देशमुख सर्वोत्तम पंचायत सतत विकास पुरस्कार के तहत कुछ मानकों को पूरा करने के लिए बिहार के रोहतास जिले के टेलकप पंचायत का चयन हुआ है. पुरस्कार के तौर पर पंचायत को 1.25 करोड़ रुपये मिलेगा. राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार के लिए कर्नाटक के 6, आंध्र प्रदेश के पांच और ओडिशा को पांच पुरस्कार मिलना है.
