नयी दिल्ली : संसद के मानसून सत्र शुरू होने से एक दिन पहले संसद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में रविवार को सर्वदलीय बैठक हुई. इसमें भाग लेने के लिए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल, लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन, द्रमुक के तिरुचि शिवा समेत कई दलों के नेता शामिल हुए.
संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बताया कि सर्वदलीय बैठक में 33 दलों के 40 से अधिक नेताओं ने भाग लिया और सुझाव दिया कि किन विषयों पर चर्चा की जानी चाहिए. बैठक को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि विपक्ष सहित सभी प्रतिनिधियों के सुझाव बहुत मूल्यवान हैं. साथ ही प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि संसद में स्वस्थ और उपयोगी बहस होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि सरकार संसदीय नियमों और प्रक्रियाओं के अनुसार किसी भी विषय पर चर्चा करने के लिए तैयार है.
प्रधानमंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधि जमीनी स्तर की स्थितियों को जानते हैं. इसलिए उनकी भागीदारी से निर्णय लेने की प्रक्रिया समृद्ध होती है. उन्होंने सभी राजनीतिक दलों के नेताओं से सहयोग मांगा. साथ ही उम्मीद जतायी कि सत्र सुचारू रूप से चले और अपना काम पूरा करें. वहीं, प्रह्लाद जोशी ने कहा कि सदन को सुचारू रूप से चलाने में सभी पक्षों का पूर्ण सहयोग जरूरी है. साथ ही कहा कि मुद्दों पर बहस होनी चाहिए. 19 जुलाई से 13 अगस्त तक चलनेवाले मानसून सत्र की 19 बैठकों के दौरान 29 विधेयकों और 2 वित्तीय मदों सहित कुल 31 सरकारी व्यावसायिक मदों पर विचार किया जायेगा. अध्यादेशों की जगह छह विधेयक लाये जायेंगे.
मालूम हो कि सर्वदलीय बैठक में कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, डीएमके, वाईएसआरसीपी, शिवसेना, जदयू, बीजू जनता दल, समाजवादी पार्टी, टीआरएस, एआईडीएमके, बसपा, एनसीपी, टीडीपी, अकाली दल, राजद, आम आदमी पार्टी, सीपीआई, सीपीआई (एम), आईयूएमएल, आजसू, आरएलपी, आरएसपी, एमडीएमके, तमिल मनीला कांग्रेस, केरल कांग्रेस, झामुमो, एमएनएफ, आरपीआई, एनपीएफ सहित 33 राजनीतिक दलों के नेताओं ने बैठक में भाग लिया.
मानसून सत्र के दौरान उठाये जानेवाले संभावित विधेयकों की सूचीट्रिब्यूनल रिफॉर्म्स (रेशनलाइजेशन एंड कंडीशंस ऑफ सर्विस) बिल, 2021
दिवाला और दिवालियापन संहिता (संशोधन) विधेयक, 2021
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और आसपास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग विधेयक, 2021
आवश्यक रक्षा सेवा विधेयक, 2021
भारतीय चिकित्सा केंद्रीय परिषद (संशोधन) विधेयक, 2021
होम्योपैथी केंद्रीय परिषद (संशोधन) विधेयक, 2021
डीएनए प्रौद्योगिकी (उपयोग और अनुप्रयोग) विनियमन विधेयक, 2019
फैक्टरिंग विनियमन (संशोधन) विधेयक, 2020
सहायक प्रजनन प्रौद्योगिकी (विनियमन) विधेयक, 2020
माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण और कल्याण (संशोधन) विधेयक, 2019
राज्य सभा द्वारा पारित राष्ट्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी उद्यमिता और प्रबंधन संस्थान विधेयक, 2019
नौवहन के लिए समुद्री सहायता विधेयक, 2021 लोकसभा द्वारा पारित.
किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) संशोधन विधेयक, 2021 लोकसभा द्वारा पारित.
सरोगेसी (विनियमन) विधेयक, 2019
कोयला आधारित क्षेत्र (अधिग्रहण एवं विकास) संशोधन विधेयक, 2021
चार्टर्ड एकाउंटेंट्स, कॉस्ट एंड वर्क्स अकाउंटेंट्स और कंपनी सेक्रेटरीज (संशोधन) बिल, 2021
सीमित देयता भागीदारी (संशोधन) विधेयक, 2021
छावनी विधेयक, 2021
भारतीय अंटार्कटिका विधेयक, 2021
केंद्रीय विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2021
भारतीय वन प्रबंधन संस्थान विधेयक, 2021
पेंशन फंड नियामक और विकास प्राधिकरण (संशोधन) विधेयक, 2021
जमा बीमा और ऋण गारंटी निगम (संशोधन) विधेयक, 2021
भारतीय समुद्री मात्स्यिकी विधेयक, 2021
पेट्रोलियम और खनिज पाइपलाइन (संशोधन) विधेयक, 2021
अंतर्देशीय पोत विधेयक, 2021
बिजली (संशोधन) विधेयक, 2021
व्यक्तियों की तस्करी (रोकथाम, संरक्षण और पुनर्वास) विधेयक, 2021
नारियल विकास बोर्ड (संशोधन) विधेयक, 2021
2021-22 के लिए अनुदान की अनुपूरक मांगों पर प्रस्तुति, चर्चा और मतदान और संबंधित विनियोग विधेयक को पेश करना, विचार करना और पारित करना.
2017-18 के लिए अनुदान की अधिक मांगों पर प्रस्तुति, चर्चा और मतदान और संबंधित विनियोग विधेयक को पेश करना, विचार करना और पारित करना.
