कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पूर्व कैबिनेट मंत्री और पार्टी के कागवाड़ विधायक श्रीमंत पाटिल ने ऐसी बात कही है जिससे राजनीति गरम हो सकती है. जी हां उन्होंने कहा है कि भाजपा सरकार द्वारा कांग्रेस छोड़ने के वक्त उन्हें पैसे की पेशकश की गई थी.
आगे श्रीमंत पाटिल ने कहा कि बिना पैसे लिए मैंने भाजपा का दामन थामा. उन्होंने कहा कि मुझसे पूछा गया कि मुझे कितना पैसा चाहिए लेकिन मैंने इसपर सहमति नहीं जताई और मना कर दिया. लोगों की सेवा करने की मेरी इच्छा थी. इसलिए मैंने मंत्री पद मांग लिया. मुझे नहीं पता कि मुझे इस सरकार में मंत्री क्यों नहीं बनाया गया.
पाटिल ने कहा कि मुझे अगले विस्तार में उम्मीद है. मुझे मंत्री पद देने का वादा किया गया है. मैंने कैबिनेट पोर्टफोलियो के बारे में वरिष्ठ नेताओं के साथ चर्चा करने का काम किया है. मराठा समुदाय भी मेरे लिए झुकाव बनाए हुए है. समुदाय नए मंत्रिमंडल में शामिल करने की मांग लगातार कर रहा है.
उन्होंने कहा कि वरिष्ठ भाजपा नेताओं ने मुझे आश्वासन दिया है कि मुझे कैबिनेट में शामिल किया जाएगा. पाटिल के बयान के बाद कांग्रेस प्रदेश में भाजपा को निशाने पर ले सकती है. अब देखना है कि कांग्रेस की इस मामले पर क्या प्रतिक्रिया आती है.
Posted By : Amitabh Kumar
