VIDEO: महाकुंभ में खूबसूरत साध्वी की खुल गई पोल, सच आया सामने, देखें वीडियो

Harsha Richhariya: महाकुंभ 2025 में देश-विदेश से लाखों की संख्या में साधु-संत पवित्र संगम में स्थान करने प्रयागराज पहुंचे हैं. जिसमें कई बाबाद आकर्षण का केंद्र बन रहे हैं. पिछले दो दिनों से एक साध्वी की चर्चा तेजी से हो रही है. जिसे सबसे खूबसूरत बताया जा रहा है. सोशल मीडिया पर लोग साध्वी के वीडियो में लगातार प्रतिक्रिया दे रहे हैं.

Harsha Richhariya: महाकुंभ 2025 में अचानक एक खूबसूरत साध्वी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा है. जिसपर यूजर अलग-अलग प्रतिक्रिया दे रहे हैं. वायरल साध्वी गले में रुद्राक्ष और फूलों की माला पहनी हुई दिख रही हैं और ललाट पर तिलक भी नजर आ रहा है. साध्वी ने सबका ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है. हालांकि वीडियो वायरल होने के साथ ही साध्वी का सच भी सामने आ चुका है. दरअसल खूबसूरत की वजह से चर्चा में आई साध्वी सोशल मीडिया इन्फ्लुंएसर हैं और उनका नाम हर्षा रिछारिया है.

साध्वी ने खुद बताया अपना सच

महाकुंभ में स्नान करने प्रयागराज पहुंची कथित रूप से खूबसूरत साध्वी ने अपना सच खुद बता दिया है. सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा, “ये सुनकर अच्छा लग रहा है कि दुनिया की सबसे खूबसूरत…लेकिन साध्वी का कहीं न कहीं मुझे टैग दिया जा रहा है, वो उचित नहीं होगा. क्योंकि अभी उसपर मैं पूरी तरह से गई नहीं हूं. लोगों ने मेरी वेशभूषा को देखते हुए एक साध्वी समझ लिया, लेकिन मैंने खुद को कभी साध्वी नहीं कहा.” उन्होंने कहा- मैंने कभी नहीं कहा कि मैं बचपन से साध्वी हूं. मैंने सिर्फ मंत्र की दीक्षा ली है. मैं सनातन संस्कृति की ओर बढ़ रही हूं. उन्होंने आगे कहा- अगर मैं एक्टिंग, एंकरिंग और मॉडलिंग की दुनिया से आई हूं, तो इसमें क्या बुराई है.

इंस्टाग्राम में हर्षा के 1.1 मिलियन फॉलोअर्स

साध्वी के रूप में महाकुंभ में वायरल हो रहीं हर्षा रिछारिया ने host_harsha नाम से इंस्टाग्राम पेज बनाया है, जो वेरिफाइड अकाउंट है. उसपर 1.1 मिलियन फॉलोअर्स हैं. बताया जा रहा है, एक दिन में उसने 1 मिलियन फॉलोअर्स जुटा लिए हैं. अपने अकाउंट में हर्षा ने खुद को एंकर बताया है. साथ ही निरंजनी अखाड़ा के आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी श्री कैलाशानंदगिरी जी महाराज की शिष्या बता रही हैं.

यह भी पढ़ें: Mahakumbh 2025: महाकुंभ में मकर संक्रांति पर 3.50 करोड़ लोगों ने लगाई डुबकी, सीएम योगी ने दिया अपडेट

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >