सिंधु जल संधि पर भारत-पाक वार्ता इस महीने संभव

नयी दिल्ली : भारत और पाकिस्तान इस महीने के अंत में इस्लामाबाद में सिंधु जल संधि के विभिन्न पहलुओं पर बातचीत कर सकते हैं. करीब छह महीने पहले भारत ने पाकिस्तानी संगठनों द्वारा आतंकी हमलों के मद्देनजर संधि पर वार्ता को निलंबित करने का फैसला किया था. सरकार के सूत्रों ने आज कहा कि स्थाई […]

नयी दिल्ली : भारत और पाकिस्तान इस महीने के अंत में इस्लामाबाद में सिंधु जल संधि के विभिन्न पहलुओं पर बातचीत कर सकते हैं. करीब छह महीने पहले भारत ने पाकिस्तानी संगठनों द्वारा आतंकी हमलों के मद्देनजर संधि पर वार्ता को निलंबित करने का फैसला किया था. सरकार के सूत्रों ने आज कहा कि स्थाई सिंधु आयोग की बैठक 31 मार्च से पहले होगी जो संधि के तहत तय है.

उन्होंने कहा, संधि के तहत जरुरी है कि भारत और पाकिस्तान की बैठक हर वित्त वर्ष में हो. अगर हम ऐसा नहीं करते तो यह संधि का उल्लंघन होगा. सूत्रों के अनुसार, लेकिन इस तरह की संभावनाएं हैं कि हम इस महीने के तीसरे या चौथे सप्ताह में एक या दो दिन के लिए मिलेंगे.’ आयोग की पिछली बैठक जून 2015 में हुई थी.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उरी हमले समेत आतंकी हमलों की पृष्ठभूमि में संधि की समीक्षा करने के लिए सितंबर में एक बैठक बुलाई थी और कहा था कि खून और पानी साथ साथ नहीं बह सकते.’ बैठक के बाद अधिकारियों ने घोषणा की थी कि सरकार ने आगे बातचीत निलंबित करने का और जम्मू कश्मीर के रास्ते बहने वाली नदियों का इस्तेमाल संधि के तहत भारत के अधिकार का पूरी तरह उपयोग करने के लिए बढ़ाने का फैसला किया है. आयोग के सदस्य दोनों देशों के अधिकारी हैं. इसका गठन मुद्दों के समाधान के लिए 57 साल पुरानी संधि के तहत किया गया था.
सूत्रों ने कहा कि विवाद के मुख्य बिंदु (भारत में किशनगंगा और रातले जलविद्युत परियोजनाएं) पहले ही विश्व बैंक के सामने है और आयोग की बैठक में इन पर चर्चा नहीं की जा सकती. किस्तान ने पिछले साल विश्व बैंक से संपर्क किया था और जम्मू कश्मीर में दोनों परियोजनाओं की डिजाइन का विरोध करते हुए आरोप लगाया था कि ये संधि का उल्लंघन करती हैं.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >