नयी दिल्ली : संसद की दोनों सदनों लोकसभा और राज्यसभा से नागरिकता संशोधन बिल-2019 का पारित हो जाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि यह भारत और हमारे देश के करुणा और भाईचारे के लिए ऐतिहासिक दिन है. उन्होंने अपने ट्वीट में कहा कि खुशी है कि सीएबी 2019 राज्यसभा में पारित किया गया है. सभी सांसदों का आभार, जिन्होंने बिल के पक्ष में मतदान किया. यह कई वर्षों से उत्पीड़न का सामना करने वाले लोगों की पीड़ा को कम करेगा.
वहीं, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपने ट्वीट कहा कि संसद में नागरिकता संशोधन विधेयक-2019 पारित होने के साथ ही करोड़ों वंचितों और पीड़ितों के सपने आज सच हो गये हैं. इन प्रभावित लोगों के लिए गरिमा और सुरक्षा सुनिश्चित करने के अपने संकल्प के लिए पीएम नरेंद्र मोदी जी का आभारी हूं.’
जबकि टीएमसी के डेरेक ओ ब्रेन ने कहा कि यह सरकार केवल बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन उसके सारे दावे विफल हो रहे हैं. ममता दी ने यह साफ तौर पर कहा दिया है कि पश्चिम बंगाल में नागरिकता संशोधन बिल और एनआरसी को लागू नहीं करेंगे.
शिवसेना के संजय राउत से जब यह नागरिकता संशोधन बिल पर पार्टी के कदम से महाराष्ट्र में महा विकास अघाड़ी सरकार पर क्या प्रभाव पड़ेगा? इस पर उन्होंने कहा कि हमने अपने विचार को आगे रखा है. हम एक स्वतंत्र राजनीतिक पार्टी हैं. हमारी अपनी भूमिका है.
वहीं, राज्यसभा में एनसीपी के दो सांसद माजिद मेमन और वंदना चव्हाण का राज्यसभा में उपस्थित नहीं होने को लेकर सफाई देते हुए कहा कि उनमें से एक की तबीयत खराब है और दूसरे के परिवार में शादी है. इसलिए वे नहीं आ सके.
