इन फिल्मों ने भारत को दिलाया ऑस्कर, एक ने तो कमाई के मामले में भी रचा इतिहास

Oscar Winner Movies: ऑस्कर 2026 से पहले जानिए उन भारतीय फिल्मों और कलाकारों के बारे में जिन्होंने इस मंच पर भारत का नाम रोशन किया है. इनमें से ेक ऐसी फिल्म भी है, जिसने बॉक्स ऑफिस पर इतिहास रच दिया था. जानिए उन फिल्मों के बारे में…

Oscar Winner Movies: दुनिया के सबसे बड़े और प्रतिष्ठित फिल्म पुरस्कारों में गिने जाने वाले अकेडमी अवार्ड्स का 98वां एडिशन 2026 में आयोजित होने जा रहा है. ऑस्कर का नाम आते ही दुनिया भर के मूवी लवर्स की नजरें इस मंच पर टिक जाती हैं. भारत का भी इस अवॉर्ड से पुराना और दिलचस्प नाता रहा है. भले ही भारत को अभी तक सर्वश्रेष्ठ अंतरराष्ट्रीय फीचर फिल्म कैटेगरी में जीत नहीं मिली हो, लेकिन भारतीय फिल्मों और कलाकारों ने कई दूसरी कैटेगरी में शानदार उपलब्धियां हासिल की हैं. आइए जानते हैं उन फिल्मों और कलाकारों के बारे में जिन्होंने ऑस्कर मंच पर भारत का नाम रोशन किया है.

‘द एलिफेंट व्हिस्परर्स’ ने दिलाया सम्मान

2023 में आई तमिल डॉक्यूमेंट्री शॉर्ट फिल्म द एलिफेंट व्हिस्परर्स ने 95वें ऑस्कर अवॉर्ड्स में बेस्ट डॉक्यूमेंट्री शॉर्ट फिल्म का खिताब जीता था. इस फिल्म का डायरेक्शन कार्तिकि गोनस्लेव्स ने किया था, जबकि इसे गुनीत मोंगा ने प्रोड्यूस किया था. यह फिल्म तमिलनाडु के एक ऐसे दंपति की इमोशनल स्टोरी है, जो एक अनाथ हाथी के बच्चे की देखभाल करते हैं.

‘नाटू नाटू’ ने रचा इतिहास

2023 में ही RRR के गाने नाटू-नाटू ने ऑस्कर जीतकर इतिहास बना दिया. इस गाने ने बेस्ट ओरिजिनल सॉन्ग कैटेगरी में अवॉर्ड अपने नाम किया था. इस गाने का संगीत एम.एम कीरवानी ने दिया था, जबकि इसके बोल चंद्रबोस ने लिखे थे. यह किसी भारतीय फिल्म का पहला गाना था जिसने ऑस्कर अवॉर्ड जीता.

‘पीरियड. एंड ऑफ सेंटेंस’

महिलाओं में मासिक धर्म से जुड़ी सामाजिक सोच और जागरूकता पर आधारित डॉक्यूमेंट्री Period. End of Sentence ने भी ऑस्कर में भारत को सम्मान दिलाया. इस फिल्म ने 91वें ऑस्कर समारोह में बेस्ट डॉक्यूमेंट्री शॉर्ट फिल्म का अवॉर्ड जीता था और इसे भी गुनीत मोंगा ने प्रोड्यूस किया था.

‘स्माइल पिंकी’ 

2008 में आई डॉक्यूमेंट्री स्माइल पिंकी ने भी ऑस्कर अवॉर्ड जीता था. इसे मेगन मायलन ने डायरेक्ट किया था. यह फिल्म एक भारतीय बच्ची की कहानी बताती है, जिसकी कटे होंठ की सर्जरी के बाद उसकी जिंदगी पूरी तरह बदल जाती है.

‘स्लमडॉग मिलियनेयर’ की बड़ी सफलता

2008 में आई फिल्म स्लमडॉग मिलियनेयर भले ही ब्रिटिश प्रोडक्शन थी, लेकिन इसमें भारतीय कलाकारों का बड़ा योगदान रहा. इस फिल्म के लिए एआर ने दो ऑस्कर अवॉर्ड जीते, जबकि साउंड डिजाइनर रेजुल पूकुट्टी और गीतकार गुलजार को भी ऑस्कर से सम्मानित किया गया था.

‘गांधी’ से मिला पहला ऑस्कर

1982 में भारतीय कॉस्ट्यूम डिजाइनर भानू अठैया ऑस्कर जीतने वाली पहली भारतीय बनीं. उन्हें फिल्म गांधी के लिए बेस्ट कॉस्ट्यूम डिजाइन का अवॉर्ड मिला था.

इंटरनेशनल फीचर फिल्म कैटेगरी में नामांकन

भारत अब तक इंटरनेशनल फीचर फिल्म कैटेगरी में जीत हासिल नहीं कर पाया है, लेकिन कई भारतीय फिल्में इस अवॉर्ड के बेहद करीब पहुंच चुकी हैं. इनमें मदर इंडिया, सलाम बॉम्बे और लगान जैसी चर्चित फिल्में शामिल हैं. ऑस्कर 2026 से पहले भारतीय सिनेमा की ये उपलब्धियां दिखाती हैं कि भारतीय फिल्में और कलाकार अंतरराष्ट्रीय मंच पर लगातार अपनी मजबूत पहचान बना रहे हैं.

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By Aniket kumar

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