Kyunki Saas Bhi Kabhi Bahu Thi 2: मिहिर के नाम की मेंहदी लगाना नॉयना को पड़ा महंगा, तुलसी के सामने दिख गई उसकी औकात
Kyunki Saas Bhi Kabhi Bahu Thi 2: ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी 2’ में शादी के जश्न के बीच बड़ा ट्विस्ट आने वाला है. तुलसी के सामने परी की दर्दनाक सच्चाई खुलती है और वह रणविजय के खिलाफ खड़ी होने का फैसला करती है. वहीं नॉयना की चालें नाकाम होंगी और कहानी में नया तूफान देखने को मिलेगा.
Kyunki Saas Bhi Kabhi Bahu Thi 2: टीवी का पॉपुलर सीरियल ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी 2’ एक बार फिर जबरदस्त ट्विस्ट के साथ दर्शकों को चौंकाने वाला है. आने वाले एपिसोड्स में कहानी ऐसा मोड़ लेगी, जहां खुशियों के बीच एक दर्दनाक सच्चाई सामने आएगी और तुलसी एक बार फिर मिसाल बन जाएगी. फिलहाल विरानी परिवार बापजी के घर चल रही शादी के जश्न में डूबा हुआ है. हर तरफ रस्में, गीत-संगीत और रौनक है, लेकिन तुलसी को न चाहते हुए भी मिहिर के साथ उसी घर में रहना पड़ रहा है.
रस्मों के बीच नॉयना मिहिर के नाम की मेहंदी अपने हाथों में लगवाती है और चालाकी से तुलसी के हाथ पर भी मिहिर का नाम लिखवा देती है, ताकि उसे चिढ़ा सके. लेकिन मिहिर सबके सामने नॉयना को उसकी जगह दिखा देता है, जिससे नॉयना और बौखला जाती है.
मिहिर के साथ शांति निकेतन वापस लौटेगी तुलसी
वहीं तुलसी इन सब से दूरी बनाए रखने की कोशिश करती है, जबकि मिहिर बार-बार उसके करीब आने का बहाना ढूंढता रहता है. इसी बीच नॉयना मिहिर पर अपना हक जताने की कोशिश करती है, हालांकि मिहिर उससे और दूर हो जाता है. इसके बावजूद नॉयना तुलसी और मिहिर के बीच गलतफहमियां पैदा करने के लिए एक और चाल चलने की तैयारी करती है, लेकिन तुलसी पर कोई असर नहीं पड़ता. बापजी के फैसले के चलते तुलसी को मिहिर के साथ शांति निकेतन लौटना पड़ता है और मिहिर इस बात से काफी खुश हो जाता है कि तुलसी फिर से उसी घर में रहने वाली है.
रणविजय को एक्सपोज करेगी तुलसी
कहानी में असली तूफान तब आता है, जब तुलसी के सामने एक दर्दनाक सच्चाई खुलती है. उसे पता चलता है कि परी अपने पति रणविजय के अत्याचारों का शिकार है. परी टूटकर अपनी मां को बताती है कि रणविजय उसके साथ मारपीट करता है और उसे मेंटली टॉर्चर करता है. जब तुलसी परी के शरीर पर चोट के निशान देखती है, तो वह घबरा जाती है और अंदर से टूट जाती है. तब तुलसी ठान लेती है कि परी को इससे बाहर निकालकर ही दम लेगी. सबसे पहले तुलसी परी को अपने पास रहने को कहती है, ताकि वह सुरक्षित महसूस कर सके. इसके बाद तुलसी रणविजय की सच्चाई सबके सामने लाने की प्लानिंग करती है.
