Ayan NEET Success Story: कहते हैं ना अगर मेहनत और लगन सच्ची हो, तो हर मुकाम हासिल किया जा सकता है. इसी बात को सच करते हुए बिहार के बेटे मोहम्मद अयान ने NEET UG 2026 की परीक्षा क्रैक की है. परिवार की आर्थिक हालत ठीक नहीं होने के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और अपने सपने को साकार करने के लिए दिन रात लगे रहे.
Ayan NEET Score: AIR 2695 लाकर क्रैक किया NEET
अयान ने NEET UG 2026 के री-एग्जाम में ऑल इंडिया रैंक (AIR) 2,695 हासिल किया. इस मार्क्स के साथ उन्हें एक अच्छा मेडिकल कॉलेज मिलने की पूरी उम्मीद है.
Ayan Family Background: क्या है परिवार की आर्थिक स्थिति?
अयान के परिवार की आर्थिक स्थिति कुछ खास अच्छी नहीं थी. वह एक साधारण दर्जी परिवार में पले-बढ़े, जहां आर्थिक तंगी के कारण डॉक्टर बनने का उनका सपना लगभग नामुमकिन जैसा था. उनके पिता कढ़ाई का काम करते हैं, इसलिए उनकी आय निश्चित नहीं है. ऐसे में अयान अपनी NEET कोचिंग की फीस जुटाने के लिए छोटे बच्चों को पढ़ाने लगे. उन्होंने किफायती ऑनलाइन लर्निंग का सहारा लेते हुए पढ़ाई के साथ-साथ काम भी किया.
मीडिया से बातचीत में अयान ने अपनी तैयारी की रणनीति, उन चुनौतियों जिनसे वे पार पाए और उन सीखों के बारे में बताया जिन्होंने उन्हें भारत की सबसे कठिन एंट्रेंस परीक्षाओं में से एक को पास करने में मदद की. उन्होंने कहा कि नतीजे घोषित होने कर बाद उन्होंने यह बात अपने माता-पिता को बताया कि मैंने क्वालिफाई कर लिया है, ताे सभी बहुत खुश हुए.
Ayan Career Journey: प्राइवेट ट्यूटर के तौर पर किया काम
अयान ने बताया कि जब मैं 11वीं क्लास में था, तो मैंने लगभग चार महीने प्राइवेट ट्यूटर के तौर पर काम किया और दोनों जिम्मेदारियों को एक साथ संभालना आसान नहीं था. मैं दिन में स्टूडेंट्स को पढ़ाता था और रात में अपनी तैयारी पर ध्यान देता था. उस समय, ऑफलाइन कोचिंग मेरे परिवार की आर्थिक स्थिति से बाहर थी, इसलिए ऑनलाइन लर्निंग ही मेरा एकमात्र ऑप्शन था. ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स में भी PW सबसे सस्ता था, इसलिए मैंने इसके एक बैच में एनरोल किया.
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Ayan Study Strategy: अयान कैसे करते थे पढ़ाई?
अयान मुख्य रूप से NCERT, अपने क्लास नोट्स, असाइनमेंट्स, डेली प्रैक्टिस पेपर्स (DPPs) और पिछले वर्षों के क्वेश्चन पेपर्स के माध्यम से पढ़ते थे. उन्होंने कॉन्सेप्ट्स को अच्छी तरह समझने और लगातार प्रैक्टिस करने पर ध्यान दिया. उन्होंने रिवीजन, मॉक टेस्ट देने, अपनी गलतियों का एनालिसिस करने और उन्हें सुधारकर अपनी तैयारी को और मजबूत बना लिया.
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