PM Krishi Sinchai Yojana: मध्य प्रदेश के किसानों के लिए खेती से जुड़ी एक काम की योजना है, जिसके तहत सिंचाई से जुड़े उपकरणों पर सरकार की ओर से अनुदान दिया जाता है. इसका नाम प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत ‘पर ड्रॉप मोर क्रॉप’ है. योजना का उद्देश्य कम पानी में ज्यादा फसल उत्पादन को बढ़ावा देना और खेतों तक सिंचाई की सुविधा पहुंचाना है.
छोटे किसानों को 55% तक अनुदान
मध्य प्रदेश सरकार के आधिकारिक योजना पोर्टल के मुताबिक इस योजना में लघु और सीमांत किसानों को इकाई लागत का 55 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता है. वहीं अन्य यानी बड़े किसानों के लिए 45 प्रतिशत तक अनुदान का प्रावधान है. लाभ की राशि किसानों को ऑनलाइन DBT के जरिए दी जाती है.
यानी अगर किसान सिंचाई के लिए योजना के तहत पात्र उपकरण लेना चाहता है तो उसे पूरी लागत खुद नहीं उठानी पड़ सकती. हालांकि कितना अनुदान मिलेगा, यह योजना के नियमों और स्वीकृत इकाई लागत पर निर्भर करेगा.
कौन किसान ले सकता है फायदा?
योजना का मुख्य उद्देश्य खेत में पानी के बेहतर इस्तेमाल को बढ़ावा देना है. इसके तहत माइक्रो इरीगेशन और दूसरी सिंचाई संबंधी सुविधाओं को बढ़ावा दिया जाता है.
सरकारी जानकारी के अनुसार योजना में किसानों का चयन ऑनलाइन DBT प्रक्रिया के तहत लॉटरी के माध्यम से किया जाता है. इसके लिए ऑनलाइन आवेदन की सुविधा उपलब्ध है और आवेदन के लिए कोई शुल्क नहीं बताया गया है.
| जानकारी | विवरण |
| लघु एवं सीमांत किसान | 55% तक अनुदान |
| अन्य किसान | 45% तक अनुदान |
| आवेदन शुल्क | कोई शुल्क नहीं |
| लाभ देने का तरीका | ऑनलाइन DBT |
| चयन प्रक्रिया | ऑनलाइन लॉटरी |
यहां ध्यान रखने वाली बात यह है कि 55 या 45 प्रतिशत की गणना सरकार द्वारा निर्धारित इकाई लागत के आधार पर होती है. इसलिए किसान को आवेदन करने से पहले अपने जिले में लागू नियम और पात्रता जरूर जांचनी चाहिए.
आवेदन कैसे होगा?
मध्य प्रदेश सरकार की जानकारी के मुताबिक इस योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन किया जाता है. हितग्राहियों का चयन लॉटरी के जरिए किया जाता है और स्वीकृति के बाद लाभ की राशि DBT के माध्यम से दी जाती है. आवेदन के लिए सरकारी पोर्टल पर प्रक्रिया उपलब्ध है.
किसान किसी अनजान व्यक्ति को OTP, बैंक पासवर्ड या अन्य गोपनीय जानकारी न दें. योजना की जानकारी के लिए कृषि विभाग या सरकारी पोर्टल से ही पुष्टि करें.
खेती में पानी बचाने के लिहाज से क्यों जरूरी?
कम पानी में बेहतर सिंचाई करना आज किसानों के लिए बड़ी जरूरत है. माइक्रो इरीगेशन जैसी तकनीक खेत में पानी के इस्तेमाल को ज्यादा प्रभावी बनाने में मदद कर सकती है. इसी वजह से सरकार इस तरह की योजनाओं के जरिए सिंचाई सुविधा बढ़ाने पर जोर दे रही है.
अगर आप मध्य प्रदेश के किसान हैं और सिंचाई से जुड़ा उपकरण लेने की योजना बना रहे हैं तो आवेदन करने से पहले यह जरूर जांच लें कि आप योजना की पात्रता पूरी करते हैं या नहीं और आपके जिले में आवेदन की प्रक्रिया किस चरण में है.
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