आपकी बाइक के लिए कौन-सा इंजन ऑयल है बेस्ट? डालने से पहले जरूर जान लें

Engine Oil For Bike: इंजन ऑयल सिर्फ एक नॉर्मल लिक्विड नहीं होता है. यह आपकी बाइक की परफॉर्मेंस और लंबी लाइफ को बढ़ाने में मदद करता है. चाहे मिनरल ऑयल हो, सेमी-सिंथेटिक या फिर फुली सिंथेटिक, हर ऑयल की अपनी खासियत होती है. आइए जानते हैं इनके बारे में.

इंजन ऑयल पर हमारा ध्यान तब तक नहीं जाता, जब तक बाइक कोई परेशानी देना शुरू न करे. जबकि सच तो यह है कि इंजन ऑयल बाइक के लिए किसी लाइफलाइन से कम नहीं है. यह इंजन के अंदर मौजूद सभी मूविंग पार्ट्स को स्मूद तरीके से चलाने में मदद करता है, घर्षण (Friction) को कम करता है और लंबी राइड्स के दौरान इंजन को ज्यादा गर्म होने से भी बचाता है. 

ध्यान देने वाली बात यह है कि हर इंजन ऑयल एक जैसा नहीं होता. आज बाजार में कई तरह के इंजन ऑयल मिलते हैं. ये अलग-अलग बाइक्स और राइडिंग स्टाइल के हिसाब से बनाए जाते हैं. अगर सही इंजन ऑयल का यूज न किया जाए, तो आपकी अच्छी-खासी बाइक भी समय से पहले दिक्कतें देने लग सकती है.इसलिए आइए जानते हैं कि आपकी बाइक के लिए कौन सा इंजन ऑयल सही रहेगा.

मिनरल ऑयल (Mineral oil) 

अगर आपकी बाइक 100cc से 125cc के बीच है, तो मिनरल ऑयल एक बढ़िया और बजट-फ्रेंडली ऑप्शन है. यह रिफाइंड क्रूड ऑयल से बनाया जाता है. रोजाना ऑफिस आने-जाने या शहर में छोटी दूरी तय करने के लिए बिल्कुल सही रहता है. हालांकि, तेज गर्मी में इसकी परफॉर्मेंस जल्दी कम होने लगती है, इसलिए इसे हर 2,000 से 3,000 किलोमीटर के बीच बदलना पड़ता है. यह बाकी इंजन ऑयल्स के मुकाबले काफी सस्ता होता है. 

सेमी-सिंथेटिक ऑयल (Semi-synthetic oil)

सेमी-सिंथेटिक ऑयल, मिनरल और सिंथेटिक ऑयल का कॉम्बिनेशन होता है. यह नॉर्मल मिनरल ऑयल से बेहतर परफॉर्मेंस देता है. अगर आपकी बाइक 125cc से 250cc के बीच है, तो यह एक बढ़िया ऑप्शन है. सबसे अच्छी बात यह है कि इसे बार-बार बदलने की जरूरत नहीं पड़ती. आमतौर पर 3,000 से 5,000 किलोमीटर तक आराम से चल जाता है.

फुली-सिंथेटिक ऑयल (Fully synthetic oil)

अगर आपकी बाइक 200cc से ऊपर है, तो फुली-सिंथेटिक ऑयल बेस्ट चॉइस माना जाता है. इसे लैब में खास तरीके से तैयार किया जाता है, ताकि इंजन को हर हाल में बढ़िया प्रोटेक्शन मिल सके. सबसे अच्छी बात यह है कि इससे इंजन ज्यादा स्मूद चलता है और इसकी परफॉर्मेंस लंबे समय तक बनी रहती है. साथ ही, बार-बार ऑयल बदलवाने की झंझट भी कम हो जाती है, क्योंकि इसे आमतौर पर 5,000 से 8,000 किलोमीटर के बीच बदलने की जरूरत पड़ती है.

रेसिंग ऑयल (Racing oil)

रेसिंग ऑयल खासतौर पर उन बाइक्स के लिए बनाया जाता है, जो हाई RPM और हेवी लोड में दौड़ती हैं. ऐसी सिचुएशन में यह इंजन से बेहतरीन आउटपुट निकालने में मदद करता है. लेकिन डेली राइडिंग, ऑफिस आना-जाना या शहर की सड़कों पर चलने वाली बाइक्स के लिए इसका कोई खास फायदा नहीं है. उल्टा, नॉर्मल यूज में यह जल्दी खराब हो सकता है. इसलिए अगर आप कम्यूटर या रेगुलर रोड राइडर हैं, तो रेसिंग ऑयल पर पैसे खर्च करना सही नहीं होगा.

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Published by: Ankit Anand

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