रूस पेपर टाइगर! तो नाटो क्या है? पुतिन ने डोनाल्ड ट्रंप को दिया करारा जवाब, एक-एक धमकी पर दी सख्त चेतावनी

Vladimir Putin on Russia a Paper Tiger: रूस पर दबाव बनाने की रणनीति से लगातार हो रहे जुबानी हमले पर व्लादिमिर पुतिन ने जवाब दिया है. उन्होंने डोनाल्ड ट्रंप द्वारा रूस को पेपर टाइगर कहे जाने पर नाटो पर निशाना साधा है.

Vladimir Putin on Russia a Paper Tiger: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने अपने देश के विभिन्न मुद्दो पर गुरुवार को खुल कर बात की. उन्होंने हाल ही में रूस को कागजी शेर बताए जाने पर भी रिएक्शन दिया. साथ ही उन्होंने नाटों और यूरोप के ऊपर भी टिप्पणी की. पुतिन ने सोची में आयोजित 22वें वाल्दाई डिस्कशन क्लब में अपने संबोधन के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, नाटो और पश्चिमी नीतियों पर भी निशाना साधा. 

हाल ही में अमेरिका ने यूक्रेन को टॉमहॉक मिसाइलें देने की नीति पर बात की थी. उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इस मामले पर अमेरिकी शासन व्यवस्था में चर्चा की बात स्वीकारी थी. इसके साथ ही अमेरिका यूक्रेन को अन्य साजो समान और सेटेलाइट जानकारियां भी मुहैया कराने की नीति के बारे में भी सोच रहा है. यूरोप पश्चिमी देशों में रूस की संपत्तियों को बेचकर यूक्रेन को आर्थिक सहायता देना चाहता है. वहीं हाल ही डोनाल्ड ट्रंप ने रूस को पेपर टाइगर काह क्योंकि वह लगभग 3 साल से यूक्रेन से लड़ रहा है, लेकिन अब तक उसे हराने में नाकाम रहा.  

ट्रंप के ‘पेपर टाइगर’ बयान पर पुतिन का जवाब 

रूस को पेपर टाइगर कहे जाने पर पुतिन ने कहा, “पेपर टाइगर? फिर क्या? जाइए और इस पेपर टाइगर से निपटिए.” उन्होंने आगे कहा, “ हम केवल यूक्रेन से नहीं लड़ रहे. हम पूरे नाटो ब्लॉक से लड़ रहे हैं, हम आगे बढ़ रहे हैं, हम आत्मविश्वास से आगे बढ़ रहे हैं और फिर भी हमें पेपर टाइगर कहा जाता है, तो नाटो खुद क्या है?” उन्होंने आगे कहा, “अगर किसी को अब भी हमारे साथ सैन्य क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा करने की इच्छा है, तो जैसा हम कहते हैं, आइए कोशिश करके देख लीजिए. रूस की जवाबी कार्रवाई देर नहीं लगाएगी.”

नाटो और अमेरिका को दी सख्त चेतावनी

पुतिन ने यूक्रेन संघर्ष में नाटो की भूमिका पर हमला बोला और कहा, “सभी नाटो देश हमारे खिलाफ लड़ रहे हैं और अब वे इसे छिपा भी नहीं रहे…” उन्होंने दावा किया कि रूसी सैनिक आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहे हैं और पूरे मोर्चे पर रणनीतिक पहल बनाए हुए हैं. इसके साथ ही उन्होंने अमेरिकी टॉमहॉक मिसाइलों के यूक्रेन में आने पर उन्होंने कहा कि यह अमेरिकी सेना की सहायता के बिना संभव नहीं होगा. इसके आने से क्षेत्र में संकट और बढ़ेगा. उन्होंने कहा कि मिसाइलों के आने से रूस पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा हां इससे रूस और अमेरिका के संबंध और खराब होंगे.  

भारत की टैरिफ के बावजूद खड़े रहने पर की प्रशंसा 

भारत की ओर रुख करते हुए पुतिन ने व्यापारिक दबावों, विशेषकर अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ़ के बीच देश की मजबूती और नेतृत्व की सराहना की. उन्होंने कहा, “भारतीय लोग अपने राजनीतिक नेतृत्व के निर्णयों को देखेंगे. भारतीय लोग कभी किसी तरह का अपमान स्वीकार नहीं करेंगे. मैं प्रधानमंत्री मोदी को जानता हूँ वे ऐसा कोई कदम कभी नहीं उठाएँगे.”

फ्रांस के रूसी ऑयल टैंकर जब्त करने पर पुतिन की चेतावनी

पिछले दिनों रूस के शिप को फ्रांस ने जब्त कर लिया. यह एक ऑयल टैंकर था, जो संभवतः भारत आ रहा था. पुतिन ने इसे समुद्री डकैती बताया. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि ऐसा करने से तनाव बढ़ेगा. उन्होंने कहा कि रूस का जवाब ग्लोबल ऑयल मार्केट को हिला देगा. उन्होंने कहा कि यह फ्रांस की समुद्री पाइरेसी है और समुद्री डकैतों से कैसे निपटते हैं, उन्हें तबाह कर दिया जाता है. 

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उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

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