काठमांडू भारत के पड़ोसी देश नेपाल के पश्चिमी भाग (पश्चिमी नेपाल) के विभिन्न हिस्सों में हुए भूस्खलन की वजह से कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई, जबकि 44 लोग लापता हैं. एक अधिकारी ने कहा कि पिछले 24 घंटे में नेपाल के मयागडी, जाजरकोट और सिंधुपालचोक जिलों में भूस्खलन के बाद 10 लोगों की मौत हो गई जबकि 40 से ज्यादा लोग लापता हो गए हैं. लापता लोगों की तलाश जारी है.
पुलिस ने बताया कि कास्की जिले के पोखरा शहर के सारंगकोट और हेमजन इलाकों में भस्खलन होने से तीन बच्चों सहित सात लोगों की जान चली गई. पुलिस ने बताया कि पोखरा के सारंगकोट इलाके में शुक्रवार तड़के भूस्खलन के कारण एक घर बहने से पांच लोगों की जान गई.
इसी हादसे में करीब 10 लोग घायल भी हो गए और अलग-अलग अस्पतालों में उनका इलाज जारी है. उन्होंने बताया कि बृहस्पतिवार रात को दो अलग-अलग स्थानों पर भूस्खलन हुए. लामजुंग जिले के वेसीशहर में भूस्खलन होने से एक ही परिवार के तीन लोगों की जान चली गई.
वहीं रुकुम जिले के आठबिसकोट में दो अन्य लोग ने जान गंवाई. इस बीच, जाजरकोट जिले में भूस्खलन होने से दो घर बह गए और हादसे के बाद से ही 12 लोग लापता हैं. म्याग्दी जिले में भी सात लोग लापता हैं. उनका घर भी भूस्खलन में बह गया. जोगीमारा क्षेत्र में हुए एक भूस्खलन से पश्चिमी नेपाल में पृथी राजमार्ग बाधित हो गया। देश में पिछले 48 घंटे से लगातार हो रही बारिश के कारण नारायणी और अन्य प्रमुख नदियां भी उफान पर हैं. मौसम विज्ञान विभाग ने अगले तीन दिन तक मानसून की बारिश जारी रहने का पूर्वानुमान जताया है.
