जंग के मैदान से ट्रंप-पुतिन के साथ सेल्फी तक… फेक महिला सैनिक जिसके लाखों दीवाने, रातों-रात कहां गई?

AI Generated Woman US Soldier Jessica Foster: एक अमेरिकी महिला सैनिक, हाई फाई पॉलिटिकल नेताओं के साथ सेल्फी, जंग के मैदानों वाली फोटोज और साथी सोल्जर्स के साथ मस्ती. केवल 4 महीनों में ही एक मिलियन फॉलोवर्स बटोरने वाली जेसिका फॉस्टर अचानक गायब हो गई. एआई जेनरेटेड इस महिला सैनिक ने लोगों को गुमराह करने का एक गजब किस्सा बना दिया.

AI Generated Woman US Soldier Jessica Foster: इंटरनेट पर कब कौन वायरल हो जाए, कहा नहीं जा सकता. अमेरिका में पिछले कुछ समय से एक ‘अमेरिकी महिला सैनिक’ का नाम हर तरफ छाया हुआ था. कभी वह डोनाल्ड ट्रंप के साथ कदम मिलाते दिखती, तो कभी व्लादिमीर पुतिन के साथ मुस्कुराते हुए सेल्फी लेती नजर आती. कुछ तस्वीरों में वह मेलानिया ट्रंप और वोलोदिमिर जेलेंस्की से मिलती दिखती और कभी वह निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी वाली फोटोज में नजर आई. लेकिन बाद में सच्चाई सामने आई कि ‘जेसिका फॉस्टर’ नाम की यह महिला असल में मौजूद ही नहीं थी, बल्कि AI से बनाई गई एक फर्जी पहचान थी.

सुनहरे बालों वाली इस महिला को अमेरिकी सेना की असली अधिकारी मान लिया गया. सोशल मीडिया पर इन तस्वीरों का ऐसा असर हुआ कि लोग उसे ‘अमेरिका फर्स्ट’ सोच वाली बहादुर सैनिक मान बैठे. @jessica.foster नाम का यह अकाउंट तेजी से लोकप्रिय हुआ और चार महीनों में लाइक्स और फॉलोअर्स की संख्या 10 लाख से ज्यादा पहुंच गई. 

कई तस्वीरों में वह F-22 रैप्टर जैसे फाइटर जेट के पास, रेगिस्तानी यूनिफॉर्म में और डोनाल्ड ट्रंप के साथ नजर आती है. वहीं, कुछ तस्वीरों में जेसिका कभी हॉर्मुज जलडमरूमध्य में युद्धपोत पर हाई हील्स पहनकर चलती दिखती, कभी मंच से भाषण देती नजर आती, तो कभी महिला सैनिकों के साथ मस्ती करती हुई. इस आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से बनाई गई ‘सैनिक’ की डिजिटल पहचान को इस तरह गढ़ा गया कि वह पूरी तरह असली लगे. 

उसके पोस्ट्स में देशभक्ति से जुड़े कैप्शन, राजनीतिक संदेश और निजी जिंदगी जैसे कंटेंट शामिल थे. इतना ही नहीं, उसे दुनिया के बड़े-बड़े नेताओं के साथ भी दिखाया गया. सिर्फ चार महीनों में इस अकाउंट ने 10 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स जुटा लिए. 

यूजर्स इसे असली मानकर कमेंट और मैसेज के जरिए इंटरैक्ट भी कर रहे थे. इनमें बड़ी संख्या ‘मेक अमेरिका ग्रेट अगेन’ (MAGA) समर्थकों की थी. MAGA समर्थकों को ट्रंप का सबसे बड़ा सपोर्ट ग्रुप माना जाता है. हालांकि, अब यह अकाउंट सोशल मीडिया पर नहीं है. 

कौन थी ‘जेसिका फॉस्टर’?

सोशल मीडिया पर इस महिला को ‘जेसिका फॉस्टर’ नाम दिया गया था. दिलचस्प बात यह रही कि इन पोस्ट्स पर कमेंट करने वालों में ज्यादातर लोग जेसिका की खूबसूरती और ‘देशभक्ति’ की तारीफ करते नजर आए. कई तस्वीरों पर 30 हजार से ज्यादा लाइक्स आए, और कमेंट सेक्शन दिल वाले इमोजी से भरा पड़ा था. 

वाशिगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, जब इस बारे में अमेरिकी सेना से पूछा गया, तो साफ जवाब मिला कि ऐसी कोई सैनिक उनके रिकॉर्ड में है ही नहीं.

विशेषज्ञों ने तस्वीरों में यूनिफॉर्म, रैंक और घटनाओं से जुड़ी कई असंगतियां पाईं. कुछ तस्वीरों में एक ही समय में अलग-अलग रैंक के चिन्ह दिखते हैं, तो कहीं यूनिफॉर्म पर गलत टेक्स्ट नजर आता है.

हैरानी की बात यह थी कि इतने बड़े पैमाने पर लोग या तो इस सच्चाई से अनजान थे, या फिर उसे नजरअंदाज कर रहे थे. अब सामने आया है कि यह पूरी प्रोफाइल एक फर्जी डिजिटल कहानी है. यानी, एक ऐसी ‘सैनिक’ जिसने कभी अस्तित्व में आए बिना ही लाखों लोगों को अपना दीवाना बना दिया. 

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अब कहां है जेसिका फॉस्टर?

ऐसे अकाउंट पहले सोशल मीडिया पर लोकप्रियता हासिल करते हैं और फिर यूजर्स को पेड प्लेटफॉर्म्स की ओर ले जाते हैं. जेसिका फॉस्टर का अकाउंट पहले OnlyFans से जुड़ा था, लेकिन वेरिफिकेशन नियमों के कारण हटाया गया. कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, अब यह Fanvue से लिंक है, जो AI कंटेंट को अनुमति देता है. 

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By Anant narayan shukla

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उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

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