छऊ नृत्य की तरह देश-दुनिया में है झारखंड के सरायकेला लड्डू के स्वाद का जादू

Saraikela laddu, Chhau dance, Saraikela news, सरायकेला (प्रताप मिश्रा) : झारखंड के सरायकेला (Saraikela) का नाम सुनते ही सबसे पहले यहां का प्रसिद्ध छऊ नृत्य (Chhau dance) व लड्डू (Saraikela laddu) जेहन में आ जाता है. यहां छऊ जितना फेमस है, उससे कहीं अधिक लड्डू प्रसिद्ध है. सरायकेला खरसावां का लड्डू देश ही नहीं विदेशों में भी खासा लोकप्रिय है. छोटे-मोटे कार्यक्रम हों या बड़े कार्यक्रम, मिठाई में यहां का लड्डू होता ही है. बाजार में इसकी कीमत दौ सौ रूपये किलो है.

Saraikela laddu, Chhau dance, Saraikela news, सरायकेला (प्रताप मिश्रा) : झारखंड के सरायकेला (Saraikela) का नाम सुनते ही सबसे पहले यहां का प्रसिद्ध छऊ नृत्य (Chhau dance) व लड्डू (Saraikela laddu) जेहन में आ जाता है. यहां छऊ जितना फेमस है, उससे कहीं अधिक लड्डू प्रसिद्ध है. सरायकेला खरसावां का लड्डू देश ही नहीं विदेशों में भी खासा लोकप्रिय है. छोटे-मोटे कार्यक्रम हों या बड़े कार्यक्रम, मिठाई में यहां का लड्डू होता ही है. बाजार में इसकी कीमत दौ सौ रूपये किलो है.

सरायकेला आने वाला हर शख्स लड्डू खाने को लेकर उत्सुक रहता है. हेल्दी एवं हर दिल अजीज होने के कारण आज सरायकेला लड्डू का जादू देश के बाहर भी बरकरार है. लड्डू के स्वाद का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि यहां होने वाले प्रत्येक कार्यक्रम जैसे शादी ब्याह से लेकर श्राद्ध भोज, बर्थडे पार्टी समेत अन्य छोटे-बड़े कार्यक्रमों में लड्डू का होना अनिवार्य है.

Also Read: अमेरिका व सऊदी अरब में है झारखंड के चतरा की लौंगलता की डिमांड, आजादी से पहले की इस दुकान में ऐसे बनती है ये मिठाई

सरायकेला लड्डू की काफी डिमांड है. इसे लेने के लिए लोगों की लंबी लाइन लगी रहती है. बेसन, घी, चीनी से बनने वाला यह लड्डू लंबे समय तक अच्छा रहता है. ये जल्द खराब नहीं होता है. मेहमानबाजी में भी सरायकेला लड्डू पहली प्राथमिकता होता है. सरायकेला का लड्डू ओडिशा सहित पश्चिम बंगाल एवं बिहार में काफी फेमस है.

Also Read: केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा ने मारंग गोमके जयपाल सिंह मुंडा की जयंती पर किया प्रतिमा का अनावरण, बोले-आदिवासी समाज ऐसे दे सकता है सच्ची श्रद्धांजलि

सरायकेला लड्डू की कीमत दौ सौ रूपये प्रति किलो है. स्पेशल ऑर्डर पर बनवाने पर ढाई सौ रुपये किलो है. सरायकेला लड्डू स्थानीय स्तर पर भी उसी तरह लोकप्रिय है. देश के कई राज्यों के साथ-साथ विदेशों में भी इस लड्डू के स्वाद का जादू सिर चढ़कर बोल रहा है.

Also Read: संविधान सभा के सदस्य और झारखंड आंदोलन की नींव रखने वाले जयपाल सिंह मुंडा को सीएम हेमंत सोरेन ने दी श्रद्धांजलि

लड्डू बनाने के लिए पहले चने का बेसन से सेव तैयार किया जाता है. इसके बाद सेव से चाशनी (चीनी का रस), जिसमें इलाइची, काजू, किशमिश, पिस्ता सहित अन्य सामग्री डाली जाती है. बाजार में मिलने वाले लड्डू जहां बादाम के तेल या डालडा से तैयार होते हैं, वहीं स्पेशल ऑर्डर पर शुद्ध देसी घी से तैयार किये जाते हैं. देसी घी से तैयार किये जाने से इसका स्वाद और अधिक बढ़ जाता है.

Posted By : Guru Swarup Mishra

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >