वकीलों ने बार काउंसिल से मांगी आर्थिक मदद, कलकत्ता हाइकोर्ट में 16 अप्रैल को होगी सुनवाई

कोलकाता : कलकत्ता हाइकोर्ट अपने बार एसोसिएशन के एक पत्र को जनहित याचिका मानते हुए बृहस्पतिवार (16 अप्रैल, 2020) को सुनवाई करेगा. इस पत्र में पश्चिम बंगाल बार काउंसिल को कोरोना वायरस लॉकडाउन के चलते लंबे समय से काम नहीं मिलने से परेशानी में घिरे वकीलों को आर्थिक मदद उपलब्ध कराने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया है.

कोलकाता : कलकत्ता हाइकोर्ट अपने बार एसोसिएशन के एक पत्र को जनहित याचिका मानते हुए बृहस्पतिवार (16 अप्रैल, 2020) को सुनवाई करेगा. इस पत्र में पश्चिम बंगाल बार काउंसिल को कोरोना वायरस लॉकडाउन के चलते लंबे समय से काम नहीं मिलने से परेशानी में घिरे वकीलों को आर्थिक मदद उपलब्ध कराने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया है.

कलकत्ता हाइकोर्ट बार एसोसिएशन ने दावा किया है कि काउंसिल उसके साथ पंजीकृत वकीलों से वार्षिक शुल्क लेती है और संकट की इस घड़ी में इसे उन वकीलों की मदद के लिए आगे आना चाहिए, जिनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ी हुई है.

बार काउंसिल के अध्यक्ष अशोक ढांढनिया ने कहा कि बंदी लागू होने के बाद वकालत के पेशे में ठहराव आने और उच्च न्यायालय का 15 मार्च से केवल अति आवश्यक मामलों की सुनवाई करने की घोषणा के बाद, आर्थिक रूप से कमजोर वकीलों को काउंसिल की ओर से मदद दी जानी चाहिए, जो सभी पंजीकृत वकीलों की मूल संस्था है.

उन्होंने कहा कि उन्होंने हाइकोर्ट के रजिस्ट्रार को पत्र लिखकर अनुरोध किया है कि आर्थिक परेशानी झल रहे वकीलों की मदद के लिए बार काउंसिल को आगे आने को कहा जाये. हाइकोर्ट प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, जनहित याचिका के तौर पर स्वीकृत इस पत्र को मुख्य न्यायाधीश टीबीएन राधाकृष्णन की अध्यक्षता वाली खंड पीठ के समक्ष सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया जायेगा.

बार काउंसिल के सूत्रों के मुताबिक, काउंसिल का एक कोष है, जो बीमार वकील को आर्थिक मदद देती है या मौत के मामले में वकील के पति-पत्नी को अंतिम संस्कार के लिए 10,000 रुपये का खर्च देने के अलावा उन्हें अगले तीन साल तक हर महीने 2,000 रुपये भी देती है. सूत्रों ने बताया कि यह लाभ उन वकीलों या उनके पति-पत्नियों को दिया जाता है, जो पंजीकरण के वक्त 1,000 रुपये की तय राशि का योगदान देते हैं.

सूत्रों ने यह भी बताया कि पश्चिम बंगाल सरकार का भी वकीलों के लिए एक कल्याण कोष है और अगर कोई वकील एक सांकेतिक राशि इस कोष में सालाना जमा करता है, तो स्वाभाविक मृत्यु होने की स्थिति में उनके द्वारा नामित व्यक्ति 50,000 रुपये और अस्वाभाविक मृत्यु होने की स्थिति में एक लाख रुपये प्राप्त करने का हकदार होता है.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Mithilesh jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में लंबा अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं.

अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है.

वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं.

भौगोलिक विशेषज्ञता : वर्तमान में उनका फोकस पश्चिम बंगाल है. उन्होंने झारखंड, छत्तीसगढ़ और ओडिशा की खबरों पर भी काम किया है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है.

मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :-

राज्य की राजनीति और शासन : वर्पतमान में श्चिम बंगाल की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज.

सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग.

जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित रिपोर्टिंग.

डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है.

विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर पत्रकारिता, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव और तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >