आधा भारत नहीं जानता कीबोर्ड में ‘F’ और ‘J’ बटन पर लकीरें क्यों होती हैं? जानेगा तो कहलाएगा प्रो

FJ Keyboard Bumps: कीबोर्ड में F और J बटन पर उभरी हुई रेखाएं यूं ही नहीं बनी होतीं. जानिए क्यों होती हैं ये लकीरें और कैसे करती हैं टाइपिंग में मदद, हिंदी में.

FJ Keyboard Bumps: क्या आपने कभी कंप्यूटर या लैपटॉप के कीबोर्ड पर टाइप करते समय यह महसूस किया है कि ‘F’ और ‘J’ बटन पर हल्की सी उभरी हुई लकीर होती है? यह डिजाइन की कोई गलती नहीं, बल्कि एक सोच-समझकर दी गई तकनीकी सुविधा है, जिसे टच टाइपिंग को बेहतर और तेज बनाने के लिए तैयार किया गया है.

ये दो बटन क्यों होते हैं अलग? | Why FJ Keyboard Bumps

कीबोर्ड की इस खास डिजाइन का मकसद टाइपिंग के दौरान उंगलियों को सही स्थिति में रखने में मदद करना है. टच टाइपिंग यानी बिना स्क्रीन देखे टाइप करने की तकनीक में, ‘F’ और ‘J’ बटन होम पोजिशन माने जाते हैं, जहां दोनों हाथों की इंडेक्स फिंगर यानी तर्जनी रखी जाती है.

इन बटनों पर उभरी हुई रेखाएं उंगलियों को यह संकेत देती हैं कि आपकी उंगलियां सही स्थान पर हैं, ताकि आप बिना देखे सहजता से टाइप कर सकें.

टच टाइपिंग के लिए जरूरी है यह डिजाइन | FJ Keyboard Bumps Reason Importance

टाइपिंग इंस्टीट्यूट्स या प्रोफेशनल ट्रेनिंग में सिखाई जाने वाली टच टाइपिंग में उंगलियों की तय पोजिशन होती है:

बायां हाथ: A, S, D, F

दायां हाथ: J, K, L, ;

‘F’ और ‘J’ की यह बनावट नए यूजर्स को भी जल्दी सीखने में मदद करती है कि उनकी उंगलियां कहां होनी चाहिए.

यह भी पढ़ें: आधा भारत नहीं जानता फैक्ट्री की छत पर गोल-गोल घूमती इस चीज का राज! जानिए क्यों जरूरी है इसका होना

यह भी पढ़ें: आधा भारत नहीं जानता कितने साल तक चलता है स्मार्ट टीवी? जानिए इसकी लाइफ और मेंटेनेंस टिप्स

यूनिवर्सल मानक बन चुकी हैं ये रेखाएं | FJ Keyboard Bumps Significance

अब यह डिजाइन केवल अंग्रेजी कीबोर्ड तक सीमित नहीं है, बल्कि दुनियाभर के ज्यादातर कीबोर्ड – लैपटॉप, डेस्कटॉप और यहां तक कि कुछ स्मार्ट कीबोर्ड – में ये रेखाएं एक मानक फीचर बन चुकी हैं.

दृष्टिबाधित उपयोगकर्ताओं के लिए भी मददगार | FJ Keyboard Bumps Usage

इन उभरी रेखाओं से दृष्टिबाधित यूजर भी कीबोर्ड की पोजिशन का आसानी से अनुमान लगा सकते हैं. इससे यह डिजाइन समानता और समावेशिता(accessibility) का भी प्रतीक बन गया है.

छोटी सी डिटेल बनाती है आपका काम आसान | FJ Keyboard Bumps Makes Typing Easy

‘F’ और ‘J’ बटन पर बनी ये लकीरें कोई संयोग नहीं, बल्कि तकनीकी सूझबूझ और वर्षों के अनुभव का नतीजा हैं. अगली बार जब आप कीबोर्ड पर टाइप करें, तो ध्यान दीजिए कि कैसे ये छोटी सी डिटेल आपका काम आसान बनाती है.

टेक्नोलॉजी की अन्य खबरें पढ़ने के लिए यहां पर क्लिक करें

टेक टिप्स की अन्य खबरें पढ़ने के लिए यहां पर क्लिक करें

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Rajeev kumar

राजीव, हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और प्रभातखबर डॉट कॉम में कार्यरत हैं. अपने 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारीय अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. आसान भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी कंटेंट राइटिंग की सबसे बड़ी पहचान है.

राजीव की एक्सपर्टीज स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग के साथ-साथ डिजिटल ट्रेंड्स जैसे टॉपिक्स में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, ऑफिशियल डेटा, कंपनी अपडेट्स और एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी यूजर्स तक पहुंचाते हैं.

डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. Google Discover और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारी भरे होते हैं, बल्कि यूजर्स की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, कॉम्पैरिजन-बेस्ड आर्टिकल्स और एक्सप्लेनर स्टोरीज को यूजर्स काफी पसंद करते हैं.

राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन, पॉजिटिव जर्नलिज्म और फीचर राइटिंग जैसे अलग-अलग बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई.

जमशेदपुर में जन्मे राजीव की प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद उन्होंने भारतीय विद्या भवन, पुणे से जर्नलिज्म ऐंड मास कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उनको आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में यूजर्स तक पहुंचाने में मदद करती है.

जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >