सस्ता रीचार्ज वाला मैसेज आपको भी आया क्या? जरा सी लापरवाही चूना लगा जाएगी

Cheap Recharge Plan: जियो, एयरटेल और वोडाफोन ने जब से अपने रीचार्ज महंगे किये हैं, मार्केट में नया स्कैम आ गया है. लोगों को सस्ता रीचार्ज वाला मैसेज भेज कर हैकर्स अपने मंसूबे को अंजाम दे रहे रहे हैं. आप भी रहें सतर्क-

Cheap Recharge Plan: टेलीकॉम कंपनियों ने जब से अपने प्लान महंगे किये हैं, मार्केट में सस्ता रीचार्ज का ऑफर वाला नया स्कैम पैर पसार रहा है. इस ऑनलाइन स्कैम में बड़ी चालाकी से लोगों के साथ ठगी की जाती है.

रिलायंस जियो, एयरटेल और वोडाफोन आइडिया ने जब से अपने रीचार्ज महंगे किये हैं, लोगों के साथ सस्ते रीचार्ज के नाम पर खेल शुरू हो गया है.

यह एक स्कैम है, जिसमें लोग थोड़े से पैसे बचाने के लालच में अपनी गाढ़ी कमाई लुटा दे रहे हैं. यहां लोगों के बैंक अकाउंट तक खाली हो जा रहे हैं.

अब आपके मन में सवाल आयेगा कि रीचार्ज महंगे होने का आखिर स्कैम का क्या संबंध है. हम आपको बताते हैं कि इस तरह का स्कैम कैसे होता है.

साथ ही यह भी बताएंगे कि अगर आपने भी ऐसी कोई ये वाली गलती कर दी है तो आपको कौन सा तरीका अपना कर तुरंत सतर्क हो जाना है.

दरअसल, जियो, एयरटेल और वोडाफोन ने हाल ही में अपने रीचार्ज प्लान्स महंगे किये हैं. ऐसे में हर कोई सस्ता रीचार्ज ढूंढ रहा है. स्कैमर्स इसी का फायदा अब उठा रहे हैं.

शातिर ऑनलाइन स्कैमर्स लोगों को सस्ता रीचार्ज कराने का दावा कर रहे हैं. इसके लिए नकली व्हाॅट्सऐप अकाउंट बनाकर टेलीकॉम कंपनियों के नाम से लोगों को मैसेज भेजा जा रहा है.

फेक अकाउंट से भेजे जा रहे मैसेज में रिसीपिएंट यानी मैसेज प्राप्तकर्ता से कहा जा रहा है कि वह एक नये ऐप का इस्तेमाल कर सकते हैं और इससे उन्हें काफी सस्ता रीचार्ज मिलनेवाला है.

सबसे पहले तो आपको यह बता दें कि ऐसा कोई ऐप होता नहीं है. यह एक फर्जी ऐप है. इसकी मदद से यूजर्स काे वीपीएन के जरिये कनेक्ट कर लिया जाता है और इसका फायदा उठाया जाता है.

ऑनलाइन स्कैमर्स यूजर्स को बातों में फंसाकर उनसे ओटीपी भी मांग लेते हैं और फिर उनके बैंक अकाउंट की डीटेल हासिल कर ली जाती है.

ऐसे स्कैम से सुरक्षित रहने का आसान तरीका यह है कि आपको ऐसे मैसेज पर ध्यान नहीं देना है और कुछ भी गड़बड़ लगे, तो तुरंत साइबर क्राइम के तहत में इसकी शिकायत दर्ज करा दें.

ध्यान रखें कि ऐसा कोई भी प्लान नहीं है, जो आपको किसी ऐप से सस्ते में मिले. वहीं, यह भी याद रखें कि कोई भी टेलीकॉम कंपनी आपका बैंक डीटेल्स या ओटीपी नहीं मांगती.

अगर कोई भी आपसे आपके बैंक डीटेल्स या ओटीपी मांगता है, तो आपको ऐसा हरगिज नहीं करना है. आपकी सतर्कता में ही आपकी सुरक्षा है.

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Author: Rajeev Kumar

राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

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